अमेरिका के ओमाहा कोर्ट ने नाबालिग के शोषण मामले में भारतीय मूल के व्यक्ति को सुनाई 10 साल की सजा
Minor Exploitation Case: अमेरिका के ओमाहा में एक दर्दनाक मानव तस्करी मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। कोर्ट ने नाबालिग का शोषण करने के आरोपी भारतीय मूल के नागरिक को कठोर दंड दिया है।
- Written By: प्रिया सिंह
नाबालिग के शोषण के आरोपी को सजा (सोर्स-सोशल मीडिया)
Omaha Minor Exploitation US Court Verdict: अमेरिका के ओमाहा शहर से एक बेहद झकझोर देने वाला गंभीर आपराधिक मामला सामने आया है। यहां की एक स्थानीय अदालत ने नाबालिग का शोषण करने के घिनौने अपराध में शामिल भारतीय मूल के एक 27 वर्षीय युवक को 10 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई है।
जांच एजेंसियों के अनुसार गुजरात का रहने वाला यह दोषी व्यक्ति अमेरिका के एक होटल में काम करता था। उसने होटल स्टाफ के साथ मिलकर मानव तस्करों द्वारा लाई गई दो मासूम लड़कियों को बंधक बनाया था। इसके बाद उसने कानूनी सीमाओं को पार कर उनके साथ घोर अन्याय किया।
तस्करी का खुलासा
यह पूरी घटना 6 जनवरी 2025 को चोरी की एक सामान्य रिपोर्ट की जांच के दौरान पुलिस के सामने आई थी। इसके बाद होमलैंड सिक्योरिटी टास्क फोर्स और ओमाहा पुलिस विभाग की टीम ने संयुक्त कार्रवाई की। पुलिस ने तत्काल कदम उठाते हुए होटल में बंधक बनाई गई दोनों नाबालिग लड़कियों को सकुशल मुक्त कराया।
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पीड़ित लड़कियों ने पूछताछ में बताया कि मानव तस्कर उन्हें दूसरे राज्यों से जबरन ओमाहा लेकर आए थे। तस्करों ने लड़कियों को होटल स्टाफ के साथ संबंध बनाने के लिए मजबूर किया ताकि कमरे का किराया कम किया जा सके। कमरे का किराया चुकाने के एवज में मासूमों को भूखा रखकर उनका गंभीर उत्पीड़न किया जाता था।
दोषी ने अदालत में कबूल किया कि उसने होटल के काउंटर से पैसे निकालकर तस्करों को दिए थे। इस मामले में होटल के दो अन्य कर्मचारी समित चौधरी और विशाल गोस्वामी भी संलिप्त पाए गए हैं। अदालत ने कहा है कि अपनी 10 साल की जेल की सजा पूरी करने के बाद उसे अमेरिका से डिपोर्ट कर दिया जाएगा।
कड़ी कानूनी कार्रवाई
अमेरिकी न्याय विभाग के अधिकारियों ने मीडिया को बयान देते हुए स्पष्ट किया है कि मासूम बच्चों के खिलाफ होने वाले ऐसे जघन्य अपराधों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कानून प्रवर्तन एजेंसियां मानव तस्करी के इस पूरे अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए लगातार सक्रियता से जांच कर रही हैं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
