'ट्रंप जनता के हत्यारे...', ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई का बड़ा हमला, 3000 मौतों का लगाया आरोप

Khamenei Blames On Trump: ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई ने हालिया प्रदर्शनों में हुई हिंसा और 3,000 से अधिक मौतों के लिए डोनाल्ड ट्रंप को सीधे तौर पर 'अपराधी' और जिम्मेदार ठहराया है।
Iran's Supreme Leader Ayatollah Ali Khamenei has directly blamed Donald Trump, calling him a "criminal" and holding him responsible for the violence and more than 3,000 deaths in the recent protests.
अयातुल्लाह अली खामेनेई ने डोनाल्ड ट्रंप को बाताया अपराधी, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Khamenei Calls Trump Criminal: ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई ने देश में जारी अशांति और हालिया विरोध प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा के लिए सीधे तौर पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जिम्मेदार ठहराया है।

ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, खामेनेई ने ट्रंप को एक 'अपराधी' संबोधित करते हुए कहा कि प्रदर्शनों के दौरान हुए जान-माल के नुकसान और कथित दुष्प्रचार के पीछे मुख्य हाथ अमेरिका का है। उन्होंने चेतावनी दी कि ईरान अपनी धरती के खिलाफ साजिश रचने वाले किसी भी घरेलू या अंतरराष्ट्रीय तत्व को बख्शेगा नहीं।

ट्रंप पर लगाया 'हत्यारे' होने का आरोप

खामेनेई ने सोशल मीडिया पर जारी एक बयान में कहा कि हालिया विरोध प्रदर्शन पिछली घटनाओं से बिल्कुल अलग थे क्योंकि इस बार अमेरिकी राष्ट्रपति खुद इसमें खुलकर शामिल हो गए। उन्होंने ट्रंप पर 'ईरानी जनता का हत्यारा' होने का आरोप लगाया और दावा किया कि अमेरिकी उकसावे का असली मकसद ईरान को निगल जाना था। खामेनेई के अनुसार, हालांकि ईरानी राष्ट्र ने इस साजिश की कमर तोड़ दी है, लेकिन अब उन साजिशकर्ताओं को सजा देने का वक्त आ गया है।

3,000 से ज्यादा मौतें और विदेशी हाथ

मानवाधिकार संगठनों के आंकड़ों का हवाला देते हुए सुप्रीम लीडर ने बताया कि इन विरोध प्रदर्शनों के दौरान 3,000 से अधिक लोग मारे गए हैं। उन्होंने इन मौतों और सार्वजनिक संपत्तियों के नुकसान का ठीकरा अमेरिका और इजरायल से जुड़े तत्वों पर फोड़ा है। खामेनेई ने स्पष्ट किया कि यद्यपि ईरान युद्ध नहीं चाहता लेकिन देश की सुरक्षा और स्थिरता के साथ खिलवाड़ करने वाले अपराधियों को निश्चित रूप से सजा दी जाएगी।

आर्थिक संकट से भड़की थी आग

ईरान में इस व्यापक आंदोलन की शुरुआत 28 दिसंबर को खराब आर्थिक हालातों के विरोध में हुई थी। जब ईरानी मुद्रा (रियाल) डॉलर के मुकाबले रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच गई तब तेहरान के बाजार व्यापारियों और दुकानदारों ने हड़ताल शुरू की जो देखते ही देखते सरकार विरोधी प्रदर्शनों में तब्दील हो गई।

क्या है ईरान की वर्तमान स्थिति?

इंटरनेट और तनाव प्रदर्शनों को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने लगभग आठ दिनों तक इंटरनेट सेवाएं पूरी तरह बंद रखी थीं। हालांकि अब इंटरनेट गतिविधियों में मामूली सुधार देखा जा रहा है लेकिन सड़कों पर माहौल अभी भी बेहद तनावपूर्ण है। भारी सुरक्षा बलों की तैनाती और लगातार हो रही गिरफ्तारियों के कारण शहरों में सन्नाटा पसरा हुआ है, जिसे खामेनेई ने 'शांति' के बजाय साजिशकर्ताओं की हार के रूप में पेश किया है।

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