वेंटिलेटर पर खालिदा जिया, बांग्लादेश की पूर्व PM की हालत 'बेहद गंभीर', दुआओं का दौर जारी

Khaleda Zia Critical Condition: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। सीने में संक्रमण के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती किया गया, जहां बिगड़ी तबीयत के चलते...
Khaleda Zia on ventilator, condition of former Bangladesh PM 'extremely critical', prayers continue in the country
खालिदा जिया, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Khaleda Zia Health Condition: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री और देश की प्रमुख विपक्षी नेता खालिदा जिया इन दिनों गंभीर स्वास्थ्य संकट से जूझ रही हैं। 23 नवंबर को सीने में संक्रमण की शिकायत के बाद उन्हें ढाका के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

भर्ती होने के बाद उनकी हालत में लगातार गिरावट दर्ज की गई, जिसके बाद उन्हें कोरोनरी केयर यूनिट (CCU) में शिफ्ट किया गया। अब उनकी स्थिति और नाजुक हो गई है, जिसके चलते डॉक्टरों ने उन्हें वेंटिलेटर पर रखा है।

पूरे देश में दुआओं का दौर जारी

बीएनपी उपाध्यक्ष एडवोकेट अहमद आजम खान ने अस्पताल के बाहर पत्रकारों से कहा कि खालिदा जिया की हालत “बेहद खराब” है और इस समय पूरे देश से दुआ करने के अलावा कुछ नहीं किया जा सकता। उन्होंने बताया कि चिकित्सा टीम लगातार उनकी स्थिति पर नजर रख रही है, लेकिन हालात चिंताजनक बने हुए हैं। बीएनपी महासचिव मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर ने भी जिया की गंभीर हालत की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि स्थानीय डॉक्टरों के साथ अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा विशेषज्ञ भी लगातार उनके इलाज में जुटे हुए हैं। आलमगीर ने कहा कि खालिदा जिया काफी बीमार हैं और पूरा देश उनकी सेहत में सुधार के लिए प्रार्थना कर रहा है। डॉक्टरों की टीम पूरी कोशिश कर रही है कि उनकी हालत स्थिर हो सके।

गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही पूर्व PM

पार्टी के वरिष्ठ संयुक्त महासचिव रुहुल कबीर रिजवी ने भी बताया कि 80 वर्षीय जिया की स्थिति में कोई खास सुधार नहीं हो पाया है। उनकी सेहत को लेकर पार्टी और उनके समर्थकों में गहरी चिंता है। खालिदा जिया पिछले कई वर्षों से कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही हैं। उन्हें जिगर और गुर्दे से संबंधित बीमारियों के साथ-साथ मधुमेह, गठिया, आंखों की बीमारी और अन्य जटिल स्वास्थ्य समस्याएं हैं। इसी वर्ष वह इलाज के लिए लंदन गई थीं और ठीक होने के बाद 6 मई को ढाका लौटी थीं।

पूरे देश में चिंता बढ़ी

उनके बड़े बेटे और बीएनपी के कार्यवाहक अध्यक्ष तारिक रहमान 2008 से लंदन में ही रह रहे हैं। उनका दूसरा बेटा अराफात रहमान 2025 में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था। इन निजी दुखों और लंबे राजनीतिक संघर्ष के बीच जिया का स्वास्थ्य लगातार कमजोर होता गया है।

बांग्लादेश की राजनीति में अहम स्थान रखने वाली खालिदा जिया की मौजूदा हालत ने पूरे देश में चिंता बढ़ा दी है। उनकी गिरती सेहत ने राजनीतिक हलचलों और विपक्षी गतिविधियों पर भी असर डाला है। डॉक्टरों की टीम उम्मीद कर रही है कि गहन उपचार से उनकी हालत में सुधार आने की संभावना बनी रहे।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com