

Trump in Israel: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का नोबेल जीतने का सपना अगले साल पूरा हो सकता है। इजरायल ने ऐलान किया है कि वो 2026 में अमेरिकी राष्ट्रपति को नोबेल पुरस्कार दिलाने के लिए वैश्वीक स्तर पर अभियान चलाएगा और यह सुनिश्चित करने की कोशिश करेगा कि अगले साल शांति का नोबेल पुरस्कार ट्रंप को ही मिले। यह बयान हमास द्वारा इजरायली बंधको को रिहा किए जाने के मौके पर संसद में किया गया।
ट्रंप गाजा समझौत के औपचारिक रूप से लागू होने के मौके पर इजरायल के संसद पहुंचे। इस दौरान उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया। उन्हें शांति का राष्ट्रपति कहा गया। इसके साथ ही एक बार फिर उन्हें नोबेल दिए जाने की मांग की। ट्रंप खुद कई बार नोबेल जीतने की अपनी इच्छा जाहिर कर चुके हैं। हालांकि, इस बार यह पुरस्कार वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो को मिला है।
इस दौरान इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ट्रंप की तारीफ करते हुए कहा,मैंने कई अमेरिकी राष्ट्रपति देखे हैं, लेकिन डोनाल्ड ट्रंप जैसे किसी ने भी दुनिया को इतनी तेजी और निर्णायक रूप से आगे नहीं बढ़ाया।” नेतन्याहू ने आगे कहा कि ट्रंप ने मिडिल ईस्ट में शांति की दिशा में बहुत अहम कदम उठाए हैं, इसलिए उन्हें इजरायल का सबसे बड़ा सम्मान, इजरायल पुरस्कार दिया जाएगा। नेतन्याहू ने ट्रंप को इजरायल का सच्चा दोस्त बताया।
नेतन्याहू के अलावा इजरायली संसद के अध्यक्ष अमीर ओहाना ने भी ट्रंप की तारीफ करते हुए कहा कि दुनिया में शांति लाने के लिए जितना काम ट्रंप ने किया है, उतना किसी और ने नहीं किया। उनके इस बयान पर संसद में सभी सांसद खड़े होकर तालियां बजाने लगे। ओहाना ने कहा कि वे अमेरिका के स्पीकर माइक जॉनसन और अन्य नेताओं के साथ मिलकर ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार दिलाने के लिए एक वैश्विक अभियान शुरू करेंगे।
ट्रंप ने इजरायली संसद में कहा कि अगर हमें युद्ध करना पड़ा, तो हम उसे ऐसे जीतेंगे जैसा पहले कभी किसी ने नहीं जीता। उन्होंने कहा कि हम राजनीतिक शिष्टाचार की परवाह नहीं करेंगे। इस दौरान ट्रंप ने एक बार फिर दावा किया कि उन्होंने पिछले आठ महीनों में आठ युद्धों को सुलझाया है, जिनमें यह युद्ध भी शामिल है।