इस्लामाबाद में शिया मस्जिद के बाहर बम धमाका (सोर्स- सोशल मीडिया) 
विदेश

क्या सजदा करना जुर्म है?...मुसलमानों जवाब दो', जब बीच सड़क पर दहाड़ें मार पर रोने लगा पाकिस्तानी, देखें वीडियो

Pakistan News: इस्लामाबाद में शिया मस्जिद पर आत्मघाती फिदायीन हमले में 69 लोगों की मौत हो गई, जबकि 170 से अधिक लोग घायल हैं। वीडियो में शख्स रोते हुए सवाल कर रहा है।

अक्षय साहू

Islamabad blast at Shia mosque: पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में शुक्रवार दोपहर करीब 1:30 बजे एक शिया मस्जिद में हुए आत्मघाती फिदायीन हमले ने पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया है। इसी बीच हादसे के बाद घटनास्थल से भावुक कर देने वाला एक वीडियो सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति रोते हुए अपना दुख व्यक्त कर रहा है। वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

इस्लामाबाद के तरलाई कलां इलाके में एक शिया मस्जिद के बाहर एक आतंकी ने आत्मघाती फिदायीन हमले में खुद को उड़ा लिया। इस हमले में अब तक 69 लोगों के मारे जाने की खबर है। इसके अलावा 170 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। घटना ने एक बार फिर पाकिस्तान में शिया समुदाय के लोगों पर टारगेट हमले की सच्चाई को सबके सामने लाकर रख दिया है।

मुसलमानों जवाब दो…

वायरल वीडियो में शख्स रोते हुए पंजाबी में कहता हुआ नजर आ रहा है, "ओ मुसलमानों, जवाब दो, साहिबो, जवाब दो। किस जुर्म के लिए मारा है? अल्लाह का सजदा करना क्या जुर्म है?" वीडियो में देखा जा सकता है कि इस दौरान लोग व्यक्ति को गले लगाकर संवेदना व्यक्त कर रहे हैं। पाकिस्तान में शिया समुदाय पर यह कोई पहला हमला नहीं है।

पाकिस्तान में शिया समुदाय पर हुए बड़े हमलों की बात करें तो, 2013 में क्वेटा में 100 से अधिक शिया हजारा समुदाय के लोग मारे गए, जबकि 2016 में पाराचिनार में हुए धमाकों में 70 से ज्यादा लोग शहीद हुए। 2017 में एक शिया मस्जिद पर भी हमला हुआ था। इन हमलों के पीछे आतंकवादी समूह जैसे लश्कर-ए-झांगवी और तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) हैं। शिया मुसलमान इन हमलों के कारण सुरक्षा को लेकर चिंतित रहते हैं। पाकिस्तान सरकार इन आतंकवादी समूहों के खिलाफ कार्रवाई करती है, लेकिन स्थायी समाधान अभी तक नहीं मिला है।

किस पर है हमले का शक?

अब तक किसी आतंकी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) ने इसे अपनी गतिविधियों से अलग बताते हुए बयान जारी किया है। फिलहाल, संदेह सिपाह-ए-सहाबा और इस्लामिक स्टेट खुरासान (ISKP) पर केंद्रित है, जो शिया समुदाय को पहले भी निशाना बना चुके हैं। इन संगठनों का इतिहास शिया विरोधी हमलों का रहा है।

आज की ताजा खबर 10 अगस्त LIVE: झारखंड में आज विधानसभा का घेराव करेंगे छात्र, PM मोदी से मिलेंगी सुप्रिया सुले

रांची में छात्रों ने भरी हुंकार, सड़कों पर पुलिस और हजारों छात्र आमने-सामने, धारा 163 लागू, देखें VIDEO

बेहमई कांड की वो खौफनाक रात! कैसे एक आम लड़की बनी चंबल की सबसे खतरनाक बैंडिट क्वीन, जिसने संसद तक तय किया सफर

FCRA रजिस्ट्रेशन रद्द हुआ तो क्या होगा? आज तय होगी विपक्ष की रणनीति, कांग्रेस ने सांसदों को जारी किया व्हिप

आज सदन में आएंगे अमित शाह, FCRA-केरल नाम परिवर्तन समेत पेश होंगे कई बड़े बिल, संसद में भारी हंगामा तय!