इराक में भ्रष्टाचार पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! आधी रात 'ग्रीन जोन' में घुसी फोर्स, सांसद-मंत्री समेत 47 गिरफ्तार

Iraq Anti Corruption: इराक के पीएम अली अल जैदी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। बगदाद के 'ग्रीन जोन' में छापेमारी कर सांसदों-मंत्रियों समेत 47 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
'Surgical strike' on corruption in Iraq! Forces entered the 'Green Zone' at midnight; 47 arrested, including MPs and ministers.
इराक में भ्रष्टाचार पर कार्रवाई, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Iraq Anti Corruption Crackdown News In Hindi: इराक की राजनीति में उस वक्त हड़कंप मच गया जब राजधानी बगदाद के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले 'ग्रीन जोन' में रविवार तड़के भारी सुरक्षा बलों ने छापेमारी शुरू की।

प्रधानमंत्री अली अल जैदी के सीधे आदेश पर शुरू किए गए इस महाभियान के तहत अब तक 47 प्रभावशाली नेताओं और वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इस कार्रवाई को इराक के इतिहास में भ्रष्टाचार के खिलाफ अब तक का सबसे कड़ा प्रहार माना जा रहा है।

एलीट काउंटर टेररिज्म सर्विस ने संभाली कमान

न्यूज एजेंसी रॉयटर्स और स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस ऑपरेशन को इराक की एलीट काउंटर टेररिज्म सर्विस ने अंजाम दिया। सुरक्षा बलों ने रविवार तड़के उन ठिकानों पर दबिश दी, जिन्हें सत्ता का केंद्र माना जाता है।

सरकारी समाचार एजेंसी आईएनए (INA) ने बताया कि पकड़े गए लोगों में कई वर्तमान सांसद और हाई-प्रोफाइल नौकरशाह शामिल हैं। सूत्रों के मुताबिक, यह पूरी कार्रवाई अदालत द्वारा जारी किए गए गिरफ्तारी वारंट के आधार पर की गई है, जिससे यह स्पष्ट है कि सरकार ने इसके लिए पुख्ता कानूनी तैयारी की थी।

प्रधानमंत्री का 'भ्रष्टाचार मुक्त इराक' मिशन

इसी साल मई में सत्ता संभालने वाले प्रधानमंत्री अली अल जैदी ने पद की शपथ लेते ही जनता से वादा किया था कि वे सरकारी खजाने को लूटने वालों को नहीं छोड़ेंगे। सरकार के प्रवक्ता हैदर अल अबूदी ने मीडिया को बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सरकारी संस्थानों को मजबूत करना और सार्वजनिक धन की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। प्रधानमंत्री जैदी खुद इस पूरे ऑपरेशन की निगरानी कर रहे हैं, ताकि किसी भी तरह के राजनीतिक दबाव को टाला जा सके।

उप तेल मंत्री की गिरफ्तारी से खुले बड़े राज

इस भ्रष्टाचार नेटवर्क का खुलासा तब हुआ जब रिफाइनिंग मामलों के उप तेल मंत्री अदनान अल जुमैली को हिरासत में लिया गया। जांच एजेंसियों के मुताबिक, अल जुमैली की गिरफ्तारी के बाद हुई पूछताछ में कई चौंकाने वाले नाम सामने आए। उन्हीं के बयानों और मिले दस्तावेजों के आधार पर सुरक्षा बलों ने अन्य 46 अधिकारियों पर शिकंजा कसा है।

हालांकि, रिपोर्टों में यह भी संकेत दिया गया है कि कुछ संदिग्ध अधिकारी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश में छापेमारी जारी है।

भ्रष्टाचार के नेटवर्क पर अंतिम प्रहार की तैयारी

इराक सरकार का कहना है कि यह केवल शुरुआत है और भ्रष्टाचार के इस विशाल नेटवर्क को पूरी तरह से ध्वस्त किया जाएगा। इस कार्रवाई ने न केवल इराक, बल्कि पूरे खाड़ी देशों में चर्चा छेड़ दी है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि प्रधानमंत्री अली अल जैदी अपने इस अभियान में सफल रहते हैं, तो इससे इराक की प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा सुधार देखने को मिल सकता है और विदेशी निवेशकों का भरोसा भी बहाल होगा।

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