ईरान ने मार गिराया अमेरिकी MQ-1 ड्रोन! होर्मुज पर भी सख्त हुए तेहरान के तेवर; क्या बढ़ेगा तनाव?

Iran Shots Down US MQ 1 Predator Drone: ईरान ने अपने हवाई क्षेत्र में एक अमेरिकी MQ-1 प्रीडेटर ड्रोन को मार गिराने का दावा किया है। इस घटना से फिर भारी तनाव पैदा हो गया है।
Iran Shoots Down US MQ-1 Predator Drone! Issues Major Warning Regarding the Strait of Hormuz; Will Tensions Escalate Once Again?
अमेरिकी MQ-1 प्रीडेटर ड्रोन, एआई फोटो
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US MQ 1 Predator Drone Shots Down Iran: मिडिल-ईस्ट में जारी तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने रविवार को दावा किया कि उन्होंने अपने हवाई क्षेत्र में एक अमेरिकी MQ-1 प्रीडेटर ड्रोन को मार गिराया है।

यह घटना ऐसे समय में हुई है जब दोनों देशों के बीच पहले से ही कई मोर्चों पर तनाव बना हुआ है। ईरानी मीडिया के अनुसार, इस ड्रोन को शत्रुतापूर्ण कार्रवाई करने के इरादे से सीमा का उल्लंघन करते हुए पाया गया था।

एयर डिफेंस सिस्टम ने तुरंत की कार्रवाई

ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी तसनीम की रिपोर्ट के मुताबिक, IRGC की सर्विलांस और एयर डिफेंस सिस्टम ने ड्रोन के ईरानी हवाई क्षेत्र में प्रवेश करते ही उसे ट्रैक कर लिया था। ईरानी अधिकारियों का कहना है कि मानवरहित विमान (UAV) को तुरंत मार गिराया गया। हालांकि, अमेरिका की ओर से इस घटना को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि या बयान जारी नहीं किया गया है।

होर्मुज को लेकर नई चेतावनी

ड्रोन गिराने के दावे के साथ ही ईरान ने 'होर्मुज स्ट्रेट' को लेकर भी कड़ा रुख अपनाया है। ईरान ने अपनी संप्रभुता की पुष्टि करते हुए स्पष्ट चेतावनी जारी की है कि इस महत्वपूर्ण समुद्री गलियारे से गुजरने वाले सभी व्यापारिक और नौसैनिक जहाजों को शिपिंग प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करना होगा। खातम अल-अनबिया केंद्रीय मुख्यालय द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि होर्मुज का प्रबंधन पूरी तरह से ईरान के सशस्त्र बलों के अधिकार क्षेत्र में है। अब सभी वाणिज्यिक पोतों और टैंकरों को केवल निर्धारित मार्गों से यात्रा करनी होगी और इसके लिए ईरानी नौसेना से अनुमति लेना अनिवार्य होगा।

ट्रंप प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती

मिडिल-ईस्ट के मौजूदा हालातों के बीच अमेरिकी ड्रोन का गिराया जाना अमेरिकी प्रशासन, विशेषकर ट्रंप के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है। रोचक बात यह है कि एक तरफ दोनों देशों के बीच युद्ध विराम की चर्चाओं की खबरें आ रही थीं, वहीं दूसरी तरफ इस तरह की सैन्य कार्रवाई ने कूटनीतिक प्रयासों पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। ईरान ने साफ कर दिया है कि उसके नियमों का कोई भी उल्लंघन जहाजों की सुरक्षा को गंभीर खतरे में डाल सकता है।

क्या है MQ-1 प्रीडेटर ड्रोन की खासियत?

अमेरिकी रक्षा कंपनी 'जनरल एटॉमिक्स' द्वारा विकसित MQ-1 प्रीडेटर दुनिया के सबसे घातक और सफल ड्रोनों में से एक माना जाता है।1990 के दशक में पेश किए गए इस ड्रोन की लंबाई लगभग 8.2 मीटर और पंखों का फैलाव 16.8 मीटर है। यह ड्रोन मध्यम ऊंचाई पर उड़ते हुए लगातार 24 घंटे से अधिक समय तक हवा में रह सकता है और इसकी अधिकतम गति 217 किमी/घंटा है। यह न केवल जासूसी और सर्विलांस, बल्कि सटीक मिसाइल हमले करने में भी सक्षम है

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