जहां से आए हो, वहीं लौट जाओ, ईरान के एक रेडियो संदेश ने रोक दी बांग्लादेश की रफ्तार; जानें पूरी इनसाइड स्टोरी

Iran Blocks Bangladeshi Ship: ईरान-अमेरिका युद्ध के बीच होर्मुज स्ट्रेट में तनाव चरम पर है। 37,000 टन खाद लेकर जा रहे बांग्लादेशी जहाज को ईरान ने रास्ता देने से इनकार कर 'नो-एंट्री' का बोर्ड लगा दिया।
"Go back to where you came from"—an Iranian radio message brings Bangladesh to a halt; get the full inside story.
सांकेतिक एआई फोटो
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Iran Blocks Bangladeshi Ship Hormuz Strait: पश्चिम एशिया में जारी भीषण संघर्ष और अमेरिका-ईरान युद्ध ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार की कमर तोड़ दी है। इस तनाव का ताजा शिकार बांग्लादेश का एक विशाल मालवाहक जहाज बना है जिसे ईरान ने Strait of Hormuz  में प्रवेश करने से दो टूक शब्दों में मना कर दिया है। ईरानी अधिकारियों ने जहाज के कैप्टन को रेडियो संदेश के जरिए सख्त हिदायत देते हुए कहा, 'जहां से आए हो, वहीं वापस चले जाओ।'

केपटाउन जा रहा था जहाज

बांग्लादेश शिपिंग कॉरपोरेशन (BSC) का जहाज 'बांग्लार जॉयजात्रा' सऊदी अरब के रास अल खैर बंदरगाह से 37,000 टन फॉस्फेट उर्वरक (खाद) लेकर दक्षिण अफ्रीका के केपटाउन के लिए रवाना हुआ था। करीब 40 घंटे की थका देने वाली समुद्री यात्रा के बाद जब यह जहाज होर्मुज स्ट्रेट के करीब पहुंचा तो उसे उम्मीद थी कि कूटनीतिक संबंधों के आधार पर उसे रास्ता मिल जाएगा। हालांकि, गुरुवार रात जब कैप्टन ने VHF रेडियो के जरिए ईरानी अधिकारियों से संपर्क किया, तो तीसरी बार में मिले जवाब ने जहाज के क्रू को सन्न कर दिया। ईरान ने सुरक्षा कारणों और युद्ध की स्थिति का हवाला देते हुए जहाज को 'क्लियरेंस' देने से साफ इनकार कर दिया।

31 नाविक और पानी की राशनिंग

जहाज पर कुल 31 बांग्लादेशी नाविक और क्रू मेंबर सवार हैं। भले ही जहाज फिलहाल सुरक्षित स्थान पर है, लेकिन समुद्र के बीचों-बीच लंबे समय तक खड़े रहने से संसाधनों का संकट खड़ा हो गया है। जहाज के चीफ इंजीनियर मोहम्मद रशीदुल आलम ने बताया कि हालांकि उनके पास पर्याप्त भोजन है लेकिन पानी की कमी एक बड़ी चुनौती बनती जा रही है। जहाज का इंजन रोजाना 18 टन पानी शुद्ध करने की क्षमता रखता है, लेकिन ईंधन बचाने के लिए अब पानी की खपत को घटाकर 6 टन प्रतिदिन कर दिया गया है। नाविकों का मनोबल बनाए रखने के लिए उनका भोजन भत्ता 7 डॉलर से बढ़ाकर 12 डॉलर कर दिया गया है और उन्हें 'वॉर अलाउंस' भी दिया जा रहा है।

यू-टर्न लेकर शारजाह पहुंचा जहाज

ईरान के इनकार के बाद जहाज को बीच समंदर से यू-टर्न लेना पड़ा और अब यह संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के शारजाह एंकरिज पर खड़ा है। यह जहाज होर्मुज स्ट्रेट से करीब 20 नॉटिकल मील दूर खड़ा होकर अगले आदेश का इंतजार कर रहा है। दिलचस्प बात यह है कि यही जहाज 2 फरवरी को भारत से माल लेकर होर्मुज के रास्ते फारस की खाड़ी में दाखिल हुआ था लेकिन तब हालात इतने बिगड़े नहीं थे।

कूटनीतिक समाधान की तलाश

बांग्लादेश की सरकार अब इस मामले में सीधे ईरान से बातचीत कर रही है। उम्मीद जताई जा रही है कि रविवार या सोमवार तक इस जहाज को ट्रांजिट की मंजूरी मिल सकती है। होर्मुज स्ट्रेट दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण तेल और व्यापारिक मार्ग है और ईरान की यह सख्ती दिखाती है कि युद्धविराम की चर्चाओं के बावजूद जमीनी स्तर पर स्थिति अभी भी बेहद नाजुक बनी हुई है।

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