ईरान को कौन देगा 300 अरब डॉलर? खाड़ी देशों की बढ़ी टेंशन, ‘चंदा’ मांगने जा रहे डोनाल्ड ट्रंप के दूत!
Gulf Countries: ईरान को आर्थिक रूप से कितना फायदा होगा और इस पूरी प्रक्रिया में खाड़ी देशों की भूमिका क्या होगी
- Written By: तनमय बरनवाल
Trump-Iran Deal: अमेरिका और ईरान के बीच संभावित शांति समझौते को लेकर पश्चिम एशिया में नई बहस छिड़ गई है। युद्धविराम और कूटनीतिक बातचीत के बीच अब सबसे बड़ा सवाल यह बन गया है कि अगर समझौता सफल होता है, तो ईरान को आर्थिक रूप से कितना फायदा होगा और इस पूरी प्रक्रिया में खाड़ी देशों की भूमिका क्या होगी। इसी बढ़ती चिंता के बीच अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन और कुवैत के तीन दिवसीय दौरे पर पहुंच रहे हैं।
उनका मकसद है अमेरिका के सहयोगी देशों को यह भरोसा दिलाना कि ईरान के साथ होने वाला कोई भी समझौता उनकी सुरक्षा और हितों के खिलाफ नहीं होगा। लेकिन उनकी इस यात्रा का मकसद सिर्फ रिश्ते मजबूत करना नहीं है। असली चुनौती है उन देशों को भरोसा दिलाना, जो आज अमेरिका से जवाब मांग रहे हैं कि आखिर ईरान को क्या मिलने वाला है और इसकी कीमत कौन चुकाएगा? क्या ईरान को मिलने वाले हैं 300 अरब डॉलर? क्या खाड़ी देशों से वसूला जाएगा पुनर्निर्माण का बिल? और सबसे बड़ा सवाल अगर ईरान को अरबों डॉलर मिले, तो क्या उसकी ताकत पहले से ज्यादा बढ़ जाएगी?
Trump-Iran Deal: अमेरिका और ईरान के बीच संभावित शांति समझौते को लेकर पश्चिम एशिया में नई बहस छिड़ गई है। युद्धविराम और कूटनीतिक बातचीत के बीच अब सबसे बड़ा सवाल यह बन गया है कि अगर समझौता सफल होता है, तो ईरान को आर्थिक रूप से कितना फायदा होगा और इस पूरी प्रक्रिया में खाड़ी देशों की भूमिका क्या होगी। इसी बढ़ती चिंता के बीच अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन और कुवैत के तीन दिवसीय दौरे पर पहुंच रहे हैं।
उनका मकसद है अमेरिका के सहयोगी देशों को यह भरोसा दिलाना कि ईरान के साथ होने वाला कोई भी समझौता उनकी सुरक्षा और हितों के खिलाफ नहीं होगा। लेकिन उनकी इस यात्रा का मकसद सिर्फ रिश्ते मजबूत करना नहीं है। असली चुनौती है उन देशों को भरोसा दिलाना, जो आज अमेरिका से जवाब मांग रहे हैं कि आखिर ईरान को क्या मिलने वाला है और इसकी कीमत कौन चुकाएगा? क्या ईरान को मिलने वाले हैं 300 अरब डॉलर? क्या खाड़ी देशों से वसूला जाएगा पुनर्निर्माण का बिल? और सबसे बड़ा सवाल अगर ईरान को अरबों डॉलर मिले, तो क्या उसकी ताकत पहले से ज्यादा बढ़ जाएगी?
