दिल्ली सरकार पर संजीव झा का हमला: गरीबों के राशन और भ्रष्टाचार को लेकर उठाए गंभीर सवाल
Ration Corruption Scandal: संजीव झा ने दिल्ली की BJP सरकार को 'डबल लूट की सरकार' बताया। उन्होंने राशन कार्ड, भ्रष्टाचार और गरीबों की परेशानियों पर सवाल उठाते हुए 31 तारीख की समय सीमा बढ़ाने की मांग की।
- Written By: प्रिया सिंह
Sanjeev Jha AAP criticism BJP: आम आदमी पार्टी के विधायक संजीव झा ने दिल्ली की मौजूदा व्यवस्था और भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि राजधानी के गरीब लोग आज राशन और सरकारी प्रक्रियाओं की जटिलताओं के कारण गंभीर परेशानियों का सामना कर रहे हैं। संजीव झा ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि गरीबों के साथ हो रहे अन्याय से उनकी बद्दुआएं न लें और उनकी समस्याओं का तुरंत समाधान करें।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिस “डबल इंजन” सरकार से लोगों को राहत की उम्मीद थी, वह अब “डबल लूट और भ्रष्टाचार” का प्रतीक बन गई है। दिल्ली का गरीब दर-दर भटक रहा है, जबकि सरकार उनकी पीड़ा से आंखें मूंदे बैठी है। विधायक ने याद दिलाया कि अरविंद केजरीवाल सरकार के दौरान लोगों को सर्टिफिकेट बनवाने के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ते थे। उन्होंने सुझाव दिया कि ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट की जगह केवल एफिडेविट लिया जाए और गलत जानकारी देने वालों पर कार्रवाई हो।
संजीव झा ने 31 तारीख तक तय की गई समय सीमा पर भी आपत्ति जताई और इसे बढ़ाने या खत्म करने की मांग की। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए कंस्ट्रक्शन लेबर के राशन कार्ड पर तुरंत राशन देने की बात कही। साथ ही भ्रष्टाचार रोकने के लिए FIFO सिस्टम लागू करने और राशन दफ्तरों को विधानसभा क्षेत्रों में ही रखने की जोरदार मांग की।
Sanjeev Jha AAP criticism BJP: आम आदमी पार्टी के विधायक संजीव झा ने दिल्ली की मौजूदा व्यवस्था और भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि राजधानी के गरीब लोग आज राशन और सरकारी प्रक्रियाओं की जटिलताओं के कारण गंभीर परेशानियों का सामना कर रहे हैं। संजीव झा ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि गरीबों के साथ हो रहे अन्याय से उनकी बद्दुआएं न लें और उनकी समस्याओं का तुरंत समाधान करें।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिस “डबल इंजन” सरकार से लोगों को राहत की उम्मीद थी, वह अब “डबल लूट और भ्रष्टाचार” का प्रतीक बन गई है। दिल्ली का गरीब दर-दर भटक रहा है, जबकि सरकार उनकी पीड़ा से आंखें मूंदे बैठी है। विधायक ने याद दिलाया कि अरविंद केजरीवाल सरकार के दौरान लोगों को सर्टिफिकेट बनवाने के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ते थे। उन्होंने सुझाव दिया कि ईडब्ल्यूएस सर्टिफिकेट की जगह केवल एफिडेविट लिया जाए और गलत जानकारी देने वालों पर कार्रवाई हो।
संजीव झा ने 31 तारीख तक तय की गई समय सीमा पर भी आपत्ति जताई और इसे बढ़ाने या खत्म करने की मांग की। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए कंस्ट्रक्शन लेबर के राशन कार्ड पर तुरंत राशन देने की बात कही। साथ ही भ्रष्टाचार रोकने के लिए FIFO सिस्टम लागू करने और राशन दफ्तरों को विधानसभा क्षेत्रों में ही रखने की जोरदार मांग की।
