डॉ. हेडगेवार का वो कथित खत क्या है, जिसे संजय सिंह को सदन में नहीं पढ़ने दिया गया? RSS पर उठे सवाल- VIDEO
Sanjay Singh Vande Mataram Row: संसद में वंदे मातरम विवाद के बीच, संजय सिंह ने एक वीडियो जारी किया जिसमें RSS और BJP के बीच ऐतिहासिक संबंधों का आरोप लगाया गया। उन्होंने RSS का मुखपत्र भी दिखाया।
- Written By: प्रिया जैस
Sanjay Singh Parliament Monsoon Session: वंदे मातरम पर संसद में हुए हंगामे के बीच संजय सिंह ने एक वीडियो जारी किया है। संजय सिंह ने उस मुद्दे पर खुलासा किया, जिस पर सत्तापक्ष ने हंगामा कर उन्हें सदन में बोलने नहीं दिया। वीडियो में उन्होंने आरएसएस (RSS), बीजेपी और ‘वंदे मातरम’ को लेकर तीखा हमला बोला और सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। आखिर, उनके सबसे पूजनीय नेता डॉ. हेडगेवार का वह बदनाम खत क्या है जिसे RSS और BJP से जुड़े लोगों को सदन में पढ़ने नहीं दिया गया? पहली तस्वीर में वह खत वही है जो उन्होंने खुद तिरंगे के खिलाफ स्वयंसेवकों को लिखा था। दूसरी तस्वीर में RSS के मुखपत्र ऑर्गनाइजर ने अपने 28 दिसंबर, 1949 के अंक में लिखा था कि राष्ट्रगान “मनोरंजन का सामान” है। संजय सिंह ने इसे हरे रंग से हाईलाइट कर दिखाया और कहा कि क्या ऐसे लोगों में देशभक्ति की बात करने की हिम्मत होनी चाहिए?
Sanjay Singh Parliament Monsoon Session: वंदे मातरम पर संसद में हुए हंगामे के बीच संजय सिंह ने एक वीडियो जारी किया है। संजय सिंह ने उस मुद्दे पर खुलासा किया, जिस पर सत्तापक्ष ने हंगामा कर उन्हें सदन में बोलने नहीं दिया। वीडियो में उन्होंने आरएसएस (RSS), बीजेपी और ‘वंदे मातरम’ को लेकर तीखा हमला बोला और सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। आखिर, उनके सबसे पूजनीय नेता डॉ. हेडगेवार का वह बदनाम खत क्या है जिसे RSS और BJP से जुड़े लोगों को सदन में पढ़ने नहीं दिया गया? पहली तस्वीर में वह खत वही है जो उन्होंने खुद तिरंगे के खिलाफ स्वयंसेवकों को लिखा था। दूसरी तस्वीर में RSS के मुखपत्र ऑर्गनाइजर ने अपने 28 दिसंबर, 1949 के अंक में लिखा था कि राष्ट्रगान “मनोरंजन का सामान” है। संजय सिंह ने इसे हरे रंग से हाईलाइट कर दिखाया और कहा कि क्या ऐसे लोगों में देशभक्ति की बात करने की हिम्मत होनी चाहिए?
