संसद में प्रियंका गांधी का बड़ा हमला, प्रदर्शनकारियों पर पैलेट गन और AK-47 के इस्तेमाल पर उठाए सवाल- VIDEO
Parliament Monsoon Session 2026: संसद में प्रियंका गांधी ने छात्रों पर लाठीचार्ज और पेपर लीक पीड़ितों की पीड़ा उठाकर सरकार को घेरा। ICU में भर्ती छात्रा का जिक्र करते हुए सरकार पर हमला बोला।
- Written By: अमन मौर्या
Priyanka Gandhi Parliament Speech: संसद के मानसून सत्र में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने पेपर लीक और प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज के मुद्दे पर केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोला। महाराष्ट्र में पेपर लीक से परेशान छात्रा की आत्महत्या और दिल्ली में पुलिस कार्रवाई के दौरान घायल होकर आईसीयू में भर्ती छात्रा का जिक्र करते हुए प्रियंका गांधी ने सरकार से तीखे सवाल किए। पूर्व शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद सत्ता पक्ष द्वारा उनका स्वागत किए जाने को प्रियंका गांधी ने विडंबना करार दिया।
प्रियंका ने कहा कि अस्पताल में भर्ती घायल छात्रा की मां नेताओं के आने-जाने और वीडियो बनाने से बेहद आक्रोशित थीं। प्रियंका गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री से सवाल पूछते हुए पूछा कि अपने हक की आवाज उठाने वाले मासूम छात्रों पर लाठीचार्ज, आंसू गैस और वाटर कैनन चलवाने की क्या जरूरत थी? क्या वे छात्र आतंकवादी हैं? उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार देश के युवाओं और उनकी बुलंद आवाज से डरती है।
Priyanka Gandhi Parliament Speech: संसद के मानसून सत्र में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने पेपर लीक और प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज के मुद्दे पर केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोला। महाराष्ट्र में पेपर लीक से परेशान छात्रा की आत्महत्या और दिल्ली में पुलिस कार्रवाई के दौरान घायल होकर आईसीयू में भर्ती छात्रा का जिक्र करते हुए प्रियंका गांधी ने सरकार से तीखे सवाल किए। पूर्व शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद सत्ता पक्ष द्वारा उनका स्वागत किए जाने को प्रियंका गांधी ने विडंबना करार दिया।
प्रियंका ने कहा कि अस्पताल में भर्ती घायल छात्रा की मां नेताओं के आने-जाने और वीडियो बनाने से बेहद आक्रोशित थीं। प्रियंका गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री से सवाल पूछते हुए पूछा कि अपने हक की आवाज उठाने वाले मासूम छात्रों पर लाठीचार्ज, आंसू गैस और वाटर कैनन चलवाने की क्या जरूरत थी? क्या वे छात्र आतंकवादी हैं? उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार देश के युवाओं और उनकी बुलंद आवाज से डरती है।
