PM मोदी ने बताया संसद में BJP ने कैसे पार किया बहुमत का आंकड़ा, देखें वीडियो
बीजेपी मुख्यालय में सदस्यता अभियान की शुरुआत करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया कि कैसे पार्टी ने संसद में 2 सदस्य थे लेकर बहुमत के आंकड़े को पार किया। इस दौरान उन्होंने जनसंघ से लेकर संसद में 2 सदस्यों की कहानी के बारे में भी बात किया।
- Written By: शानू शर्मा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को बीजेपी मुख्यालय में सदस्यता अभियान की शुरुआत की। जिसके दौरान उन्होंने बीजेपी के इतिहास की गाथा बताई। उन्होंने बताया कि इस दौरान उनका काफी मजाक बनाया गया लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। पीएम मोदी ने बताया कि कैसे पार्टी ने संसद में 2 सदस्य थे लेकर बहुमत के आंकड़े को पार किया। उन्होंने कहा कि मैं जब राजनीति में नही था, जनसंघ के जमाने में बहुत उत्साह के साथ अपने कार्यकर्ता दिवारों पर दिपक (उस समय जनसंघ का निशाना था) पेंट करते थे। तब कई राजनीतिक दलों के नेता इसका मजाक बनाते थे। वो कहते थें कि दिवारों पर पेंट करने से सत्ता के गलियारों तक नहीं पहुंचा जा सकता। उन्होंने कहा कि हम वो लोग हैं जो इतनी श्रद्धा से दिवारों पर कमल पेंट किया कि विश्वास था कि कभी ना कभी लोगों के दिलों में भी छप जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारे लिए काफी भद्दा मजाक बनाया गया। कुछ लोगों का चरित्र ही ऐसा होता है, उन्हें लगता है कि वो ऐसा करने से महान बन जाते हैं, लेकिन उनकी आलोचनाओं को झेलते हुए जन कल्याण के लिए समर्पित होकर नेशन वन के भावना को लेकर हम चलते रहें। पंडित दिन दयाल ने हमें जो मंत्र दिया था चरैवेति चरैवेति उसका पालन करते रहें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को बीजेपी मुख्यालय में सदस्यता अभियान की शुरुआत की। जिसके दौरान उन्होंने बीजेपी के इतिहास की गाथा बताई। उन्होंने बताया कि इस दौरान उनका काफी मजाक बनाया गया लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। पीएम मोदी ने बताया कि कैसे पार्टी ने संसद में 2 सदस्य थे लेकर बहुमत के आंकड़े को पार किया। उन्होंने कहा कि मैं जब राजनीति में नही था, जनसंघ के जमाने में बहुत उत्साह के साथ अपने कार्यकर्ता दिवारों पर दिपक (उस समय जनसंघ का निशाना था) पेंट करते थे। तब कई राजनीतिक दलों के नेता इसका मजाक बनाते थे। वो कहते थें कि दिवारों पर पेंट करने से सत्ता के गलियारों तक नहीं पहुंचा जा सकता। उन्होंने कहा कि हम वो लोग हैं जो इतनी श्रद्धा से दिवारों पर कमल पेंट किया कि विश्वास था कि कभी ना कभी लोगों के दिलों में भी छप जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारे लिए काफी भद्दा मजाक बनाया गया। कुछ लोगों का चरित्र ही ऐसा होता है, उन्हें लगता है कि वो ऐसा करने से महान बन जाते हैं, लेकिन उनकी आलोचनाओं को झेलते हुए जन कल्याण के लिए समर्पित होकर नेशन वन के भावना को लेकर हम चलते रहें। पंडित दिन दयाल ने हमें जो मंत्र दिया था चरैवेति चरैवेति उसका पालन करते रहें।
