PM मोदी के माना करने के बाद भी इतना सोना क्यों खरीदने लगे भारतीय? VIDEO
Gold Crisis Explained: वैश्विक तनाव के बीच भारत में ज्वेलरी शोरूम भरे हुए हैं, पीएम मोदी की अपील को दरकिनार कर अब लोगों ने जमकर सोने की खरीदारी में जुट गए।
- Written By: तनमय बरनवाल
Gold Reserve: देशभर के सर्राफा बाजारों में इन दिनों भारी भीड़ दिखाई दे रही है। ज्वेलरी शोरूम भरे हुए हैं, पीएम मोदी की अपील को दरकिनार कर लोगों ने ये कहावत को सही साबित कर दिया कि ‘महंगा रोए एक बार सस्ता रोए बार-बार’ यानि अच्छी और कीमती सामान खरीदते वक्त जेब भले ही एक बार रोए, लेकिन वो जीवनभर का सुकून दे जाती है। इन दिनों भारत के सर्राफा बाज़ारों में यह कहावत सिर्फ कही नहीं जा रही, बल्कि सच साबित हो रही है! एक रिपोर्ट के मुताबिक ये दीवानगी इसलिए भी चौंकाने वाली है क्योंकि कुछ ही समय पहले खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से एक भावुक अपील की थी। पीएम ने देश के विदेशी मुद्रा भंडार को बचाने और रुपये की कमजोरी को थामने के लिए देशवासियों से ‘एक साल तक सोना न खरीदने’ का आग्रह किया था। आखिर भारत अपनी जरूरत का 90% सोना विदेशों से ही आयात करता है, जिससे अकेले पिछले वित्त वर्ष में देश के खजाने पर 72 अरब डॉलर का भारी बोझ पड़ा।
भारतीयों ने की रिकॉर्ड तोड़ खरीदारी
लेकिन कहते हैं ना, भारतीयों का सोने से नाता सिर्फ निवेश का नहीं, बल्कि जज्बात से है। पीएम की अपील और आसमान छूती कीमतों को दरकिनार कर, इस वेडिंग सीजन में भारतीयों ने रिकॉर्ड तोड़ खरीदारी की खैर ‘सोना तो सोना है’। अब सवाल ये है कि आखिर ऐसा क्या हो गया कि रिकॉर्ड महंगा होने के बावजूद लोग सोना खरीदना बंद नहीं कर रहे? क्या दुनिया में बढ़ते संकट की वजह से सोना “सेफ हेवन” बन गया है? और आखिर PM मोदी की अपील भी बेअसर क्यों दिखाई दे रही है? जाननें के लिए देखें पूरा वीडियो।
Gold Reserve: देशभर के सर्राफा बाजारों में इन दिनों भारी भीड़ दिखाई दे रही है। ज्वेलरी शोरूम भरे हुए हैं, पीएम मोदी की अपील को दरकिनार कर लोगों ने ये कहावत को सही साबित कर दिया कि ‘महंगा रोए एक बार सस्ता रोए बार-बार’ यानि अच्छी और कीमती सामान खरीदते वक्त जेब भले ही एक बार रोए, लेकिन वो जीवनभर का सुकून दे जाती है। इन दिनों भारत के सर्राफा बाज़ारों में यह कहावत सिर्फ कही नहीं जा रही, बल्कि सच साबित हो रही है! एक रिपोर्ट के मुताबिक ये दीवानगी इसलिए भी चौंकाने वाली है क्योंकि कुछ ही समय पहले खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से एक भावुक अपील की थी। पीएम ने देश के विदेशी मुद्रा भंडार को बचाने और रुपये की कमजोरी को थामने के लिए देशवासियों से ‘एक साल तक सोना न खरीदने’ का आग्रह किया था। आखिर भारत अपनी जरूरत का 90% सोना विदेशों से ही आयात करता है, जिससे अकेले पिछले वित्त वर्ष में देश के खजाने पर 72 अरब डॉलर का भारी बोझ पड़ा।
भारतीयों ने की रिकॉर्ड तोड़ खरीदारी
लेकिन कहते हैं ना, भारतीयों का सोने से नाता सिर्फ निवेश का नहीं, बल्कि जज्बात से है। पीएम की अपील और आसमान छूती कीमतों को दरकिनार कर, इस वेडिंग सीजन में भारतीयों ने रिकॉर्ड तोड़ खरीदारी की खैर ‘सोना तो सोना है’। अब सवाल ये है कि आखिर ऐसा क्या हो गया कि रिकॉर्ड महंगा होने के बावजूद लोग सोना खरीदना बंद नहीं कर रहे? क्या दुनिया में बढ़ते संकट की वजह से सोना “सेफ हेवन” बन गया है? और आखिर PM मोदी की अपील भी बेअसर क्यों दिखाई दे रही है? जाननें के लिए देखें पूरा वीडियो।
