दिल्ली दंगा केस: शरजील इमाम-उमर खालिद को बेल न मिलने पर भड़के पप्पू यादव; पूछा- कौन लौटाएगा वक्त
Pappu Yadav on Umar Khalid Bail: सांसद पप्पू यादव ने दिल्ली दंगा मामले में उमर खालिद और शर्जिल इमाम की जमानत पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने ट्रायल में देरी को लोकतंत्र और संविधान के लिए खतरनाक बताया है।
- Written By: प्रतीक पाण्डेय
Pappu Yadav Statement: दिल्ली दंगों से जुड़े मामले में आरोपी उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत नहीं मिलने पर राजनीति गरमा गई है। सांसद पप्पू यादव ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “जस्टिस डिलेड इज जस्टिस डिनाइड” (न्याय में देरी, न्याय से वंचित करना है) की नीति अपनाई जा रही है।
एजेंसियों और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल
सांसद पप्पू यादव ने कहा कि किसी भी आरोपी को जमानत मिलना या न मिलना इस बात पर निर्भर करता है कि सरकार किस तरह से उसका विरोध कर रही है और अदालत में कैसे साक्ष्य (Evidence) पेश किए जा रहे हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि इससे पहले गोरेगांव या मालेगांव जैसे मामलों में जब सरकार ने चाहा, तब एजेंसियों के माध्यम से रिहाई का रास्ता साफ हुआ। उन्होंने सीबीआई की दलील पर भी सवाल उठाया, जिसमें एजेंसी ने इसे ‘देश का मामला’ बताया था। यादव ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आया कि आखिर यह कौन सा देश का मामला है और इसमें क्या हो गया है।
Pappu Yadav Statement: दिल्ली दंगों से जुड़े मामले में आरोपी उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत नहीं मिलने पर राजनीति गरमा गई है। सांसद पप्पू यादव ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “जस्टिस डिलेड इज जस्टिस डिनाइड” (न्याय में देरी, न्याय से वंचित करना है) की नीति अपनाई जा रही है।
एजेंसियों और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल
सांसद पप्पू यादव ने कहा कि किसी भी आरोपी को जमानत मिलना या न मिलना इस बात पर निर्भर करता है कि सरकार किस तरह से उसका विरोध कर रही है और अदालत में कैसे साक्ष्य (Evidence) पेश किए जा रहे हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि इससे पहले गोरेगांव या मालेगांव जैसे मामलों में जब सरकार ने चाहा, तब एजेंसियों के माध्यम से रिहाई का रास्ता साफ हुआ। उन्होंने सीबीआई की दलील पर भी सवाल उठाया, जिसमें एजेंसी ने इसे ‘देश का मामला’ बताया था। यादव ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आया कि आखिर यह कौन सा देश का मामला है और इसमें क्या हो गया है।
