‘पद के बदले शारीरिक संबंध की डिमांड’, महोबा BJP की पूर्व जिला मंत्री का बड़ा खुलासा; कटघरे में जिला अध्यक्ष
Mahoba News: यूपी के महोबा में बीजेपी की पूर्व जिला मंत्री दीपाली तिवारी द्वारा जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर लगाए गए गंभीर आरोपों ने पार्टी के भीतर बड़ा सियासी तूफान खड़ा कर दिया है।
- Written By: मनोज आर्या
Mahoba BJP Scandal: उत्तर प्रदेश के महोबा में भारतीय जनता पार्टी की पूर्व जिला मंत्री दीपाली तिवारी द्वारा जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर लगाए गए गंभीर आरोपों ने पार्टी के भीतर बड़ा सियासी तूफान खड़ा कर दिया है। दीपाली तिवारी ने फेसबुक लाइव के जरिए भावुक होकर दावा किया कि जिला उपाध्यक्ष पद देने के बदले उन पर शारीरिक संबंध बनाने का अनैतिक दबाव बनाया गया। पीड़िता का आरोप है कि जिला अध्यक्ष ने उन्हें दिल्ली और लखनऊ साथ चलने का प्रस्ताव दिया और बात न मानने पर पार्टी से बाहर करने या उनके पति को झूठे केस में जेल भिजवाने की धमकी दी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पार्टी के दो अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी भी उन पर जिला अध्यक्ष की बात मानने का दबाव बना रहे थे।करीब 10 वर्षों से भाजपा से जुड़ी रहीं दीपाली तिवारी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और पूर्व विधायक मंगल प्रसाद तिवारी की पोती हैं। उन्होंने बताया कि वे लंबे समय तक ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान की जिला संयोजिका और जिला मंत्री के पद पर कार्यरत रहीं, लेकिन हाल ही में उन्होंने इस्तीफा दे दिया था।
Mahoba BJP Scandal: उत्तर प्रदेश के महोबा में भारतीय जनता पार्टी की पूर्व जिला मंत्री दीपाली तिवारी द्वारा जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर लगाए गए गंभीर आरोपों ने पार्टी के भीतर बड़ा सियासी तूफान खड़ा कर दिया है। दीपाली तिवारी ने फेसबुक लाइव के जरिए भावुक होकर दावा किया कि जिला उपाध्यक्ष पद देने के बदले उन पर शारीरिक संबंध बनाने का अनैतिक दबाव बनाया गया। पीड़िता का आरोप है कि जिला अध्यक्ष ने उन्हें दिल्ली और लखनऊ साथ चलने का प्रस्ताव दिया और बात न मानने पर पार्टी से बाहर करने या उनके पति को झूठे केस में जेल भिजवाने की धमकी दी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पार्टी के दो अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी भी उन पर जिला अध्यक्ष की बात मानने का दबाव बना रहे थे।करीब 10 वर्षों से भाजपा से जुड़ी रहीं दीपाली तिवारी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और पूर्व विधायक मंगल प्रसाद तिवारी की पोती हैं। उन्होंने बताया कि वे लंबे समय तक ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान की जिला संयोजिका और जिला मंत्री के पद पर कार्यरत रहीं, लेकिन हाल ही में उन्होंने इस्तीफा दे दिया था।
