Mahakumbh 2025: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने त्रिवेणी संगम में किया स्नान, तीर्थ पुरोहितों की मौजूदगी में की पूजा-अर्चना
भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रयागराज में महाकुंभ 2025 के दौरान त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान किया। इस दौरान उन्होंने गंगा, यमुना और सरस्वती के संगम पर विधिवत पूजा-अर्चना भी की।
- Written By: विजय कुमार तिवारी
महाकुम्भ नगर में सनातन संस्कृति के सबसे बड़े मानव समागम महाकुम्भ में उमड़ रहे आस्था और श्रद्धा के महासागर में सोमवार को महामहिम का भी आगमन हुआ। भारत की दूसरी महिला और पहली आदिवासी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रयागराज महाकुम्भ में मां गंगा, मां यमुना और मां सरस्वती की त्रिवेणी के पावन संगम में पुण्य की डुबकी लगाकर पूरी दुनिया को एकता और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच महामहिम द्रौपदी मुर्मू ने पूरी आस्था के साथ त्रिवेणी संगम में स्नान किया। पावन डुबकी लगाने से पहले राष्ट्रपति ने त्रिवेणी संगम में पुष्प और नारियल अर्पित किया और भगवान सूर्य को अर्घ्य देकर प्रणाण किया। उन्होंने मां गंगा, मां यमुना और मां सरस्वती की अराधना करते हुए एक के बाद एक कई बार पवित्र जल में डुबकी लगाई। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चारण और श्लोकों के बीच उन्होंने संगम स्थल पर पूजा अर्चना की और संगम की आरती भी उतारी। इस दौरान उनके साथ उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे।
महाकुम्भ नगर में सनातन संस्कृति के सबसे बड़े मानव समागम महाकुम्भ में उमड़ रहे आस्था और श्रद्धा के महासागर में सोमवार को महामहिम का भी आगमन हुआ। भारत की दूसरी महिला और पहली आदिवासी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रयागराज महाकुम्भ में मां गंगा, मां यमुना और मां सरस्वती की त्रिवेणी के पावन संगम में पुण्य की डुबकी लगाकर पूरी दुनिया को एकता और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच महामहिम द्रौपदी मुर्मू ने पूरी आस्था के साथ त्रिवेणी संगम में स्नान किया। पावन डुबकी लगाने से पहले राष्ट्रपति ने त्रिवेणी संगम में पुष्प और नारियल अर्पित किया और भगवान सूर्य को अर्घ्य देकर प्रणाण किया। उन्होंने मां गंगा, मां यमुना और मां सरस्वती की अराधना करते हुए एक के बाद एक कई बार पवित्र जल में डुबकी लगाई। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चारण और श्लोकों के बीच उन्होंने संगम स्थल पर पूजा अर्चना की और संगम की आरती भी उतारी। इस दौरान उनके साथ उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे।
