राम मंदिर दान चोरी पर भड़के हुसैन दलवाई, चंपत राय पर साधा निशाना; UCC पर दिया बड़ा बयान, देखें VIDEO
Hussain Dalwai On UCC: UCC और राम मंदिर दान चोरी पर कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई ने सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने चंपत राय पर करीबियों को भर्ती कराने का आरोप लगाया।
- Written By: अमन मौर्या
Ram Mandir Donation Theft: कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई ने समान नागरिक संहिता (UCC) और अयोध्या राम मंदिर के दान में हुई कथित चोरी को लेकर केंद्र सरकार और मंदिर ट्रस्ट पर तीखा हमला बोला है। यूसीसी पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं को अधिकार मिलने चाहिए, लेकिन सरकार को बिल का ड्राफ्ट एकतरफा लागू करने के बजाय जनता और मुस्लिम समाज के सामने बहस के लिए रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस्लाम में महिलाओं को जायदाद और मेहर जैसे आर्थिक अधिकार पहले से मिले हुए हैं। वहीं राम मंदिर ट्रस्ट पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर गठित ट्रस्ट और उसके महासचिव चंपत राय की निगरानी में बड़े पैमाने पर घोटाले और चोरी हुई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि चंपत राय ने बिना किसी विज्ञापन के अपने रिश्तेदारों और चहेतों को भर्ती किया, जिन्होंने करोड़ों के दान की चोरी की। दलवाई ने मांग की कि पकड़े गए आठ लोग सिर्फ छोटी मछलियां हैं, असली बड़े मगरमच्छों और इस पैसे के राजनीतिक व सांगठनिक कनेक्शन की एसआईटी (SIT) द्वारा निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
Ram Mandir Donation Theft: कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई ने समान नागरिक संहिता (UCC) और अयोध्या राम मंदिर के दान में हुई कथित चोरी को लेकर केंद्र सरकार और मंदिर ट्रस्ट पर तीखा हमला बोला है। यूसीसी पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं को अधिकार मिलने चाहिए, लेकिन सरकार को बिल का ड्राफ्ट एकतरफा लागू करने के बजाय जनता और मुस्लिम समाज के सामने बहस के लिए रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस्लाम में महिलाओं को जायदाद और मेहर जैसे आर्थिक अधिकार पहले से मिले हुए हैं। वहीं राम मंदिर ट्रस्ट पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर गठित ट्रस्ट और उसके महासचिव चंपत राय की निगरानी में बड़े पैमाने पर घोटाले और चोरी हुई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि चंपत राय ने बिना किसी विज्ञापन के अपने रिश्तेदारों और चहेतों को भर्ती किया, जिन्होंने करोड़ों के दान की चोरी की। दलवाई ने मांग की कि पकड़े गए आठ लोग सिर्फ छोटी मछलियां हैं, असली बड़े मगरमच्छों और इस पैसे के राजनीतिक व सांगठनिक कनेक्शन की एसआईटी (SIT) द्वारा निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
