वीडियाे: अंकिता भंडारी हत्याकांड में आरोपियों को कैसे मिली सजा? डीजीपी सेठ ने किया खुलासा
अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर उत्तराखंड के DGP दीपम सेठ बड़ा खुलासा किया है। इस केस के तीनों आरोपियों पुलकित आर्य, सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को कोटद्वार कोर्ट ने सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
- Written By: आकाश मसने
अंकिता भंडारी हत्याकांड पर उत्तराखंड के DGP दीपम सेठ ने कहा कि जब यह घटना हुई थी तो पुलिस की त्वरित कार्रवाई के कारण 24 घंटे के भीतर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया था। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर राज्य पुलिस ने तेजी से काम किया। उन्होंने कहा कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर एक एसआईटी का गठन किया गया और डीआईजी रैंक की एक महिला अधिकारी को इसका अध्यक्ष बनाया गया। जांच प्रक्रिया का विवरण देते हुए सेठ ने कहा कि सभी साक्ष्य एकत्र किए गए और उचित और गहन जांच के बाद 500 पन्नों की एफआईआर दर्ज की गई। मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में हुई। अंकिता भंडारी हत्याकांड के तीनों आरोपियों पुलकित आर्य, सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को कोटद्वार कोर्ट द्वारा सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है।
अंकिता भंडारी हत्याकांड पर उत्तराखंड के DGP दीपम सेठ ने कहा कि जब यह घटना हुई थी तो पुलिस की त्वरित कार्रवाई के कारण 24 घंटे के भीतर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया था। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर राज्य पुलिस ने तेजी से काम किया। उन्होंने कहा कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर एक एसआईटी का गठन किया गया और डीआईजी रैंक की एक महिला अधिकारी को इसका अध्यक्ष बनाया गया। जांच प्रक्रिया का विवरण देते हुए सेठ ने कहा कि सभी साक्ष्य एकत्र किए गए और उचित और गहन जांच के बाद 500 पन्नों की एफआईआर दर्ज की गई। मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में हुई। अंकिता भंडारी हत्याकांड के तीनों आरोपियों पुलकित आर्य, सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को कोटद्वार कोर्ट द्वारा सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है।
