बंगाल चुनाव: मुर्शिदाबाद में ओवैसी ने PM मोदी और ममता बनर्जी पर साधा निशाना; कही यह बड़ी बात
Owaisi Target TMC And BJP: पश्चिम बंगाल में टीएमसी के निलंबित विधायक हुमायूं कबीर के साथ असदुद्दीन ओवैसी ने मुर्शिदाबाद के नौदा में रैली में असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि मोदी और ममता भाई-बहन जैसे हैं।
- Written By: सजल रघुवंशी
West Bengal Election 2026: पश्चिम बंगाल में टीएमसी के निलंबित विधायक हुमायूं कबीर के साथ असदुद्दीन ओवैसी ने मुर्शिदाबाद के नौदा में रैली में असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि मोदी और ममता भाई-बहन जैसे हैं, दोनों नहीं चाहते हैं कि पश्चिम बंगाल में मुस्लिम अल्पसंख्यकों का अपना राजनीतिक नेतृत्व बने। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हुमायूं कबीर और ओवैसी कभी भी हिंदू भाई के खिलाफ नहीं हैं। असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि पहले कांग्रेस आई, लेकिन उसने कोई ठोस काम नहीं किया। इसके बाद वामपंथी सरकारें रहीं, जिनसे भी लोगों को खास फायदा नहीं मिला। उन्होंने ममता बनर्जी के 15 साल के शासन पर सवाल उठाते हुए पूछा कि क्या इस दौरान युवाओं को पर्याप्त सरकारी नौकरियां मिलीं? मुर्शिदाबाद और मालदा के युवाओं को रोजगार के लिए दूसरे राज्यों में क्यों जाना पड़ रहा है? उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों को सिर्फ वोट बैंक बनाकर रखा गया है। ओवैसी ने आगे कहा कि अब समय है कि लोग अपने बीच से नेतृत्व तैयार करें। उन्होंने कहा कि हुमायूं कबीर इसी दिशा में मौका दे रहे हैं और अगर लोग अपने प्रतिनिधि खुद नहीं चुनेंगे, तो उनकी आवाज कभी मजबूत नहीं हो पाएगी।
West Bengal Election 2026: पश्चिम बंगाल में टीएमसी के निलंबित विधायक हुमायूं कबीर के साथ असदुद्दीन ओवैसी ने मुर्शिदाबाद के नौदा में रैली में असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि मोदी और ममता भाई-बहन जैसे हैं, दोनों नहीं चाहते हैं कि पश्चिम बंगाल में मुस्लिम अल्पसंख्यकों का अपना राजनीतिक नेतृत्व बने। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हुमायूं कबीर और ओवैसी कभी भी हिंदू भाई के खिलाफ नहीं हैं। असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि पहले कांग्रेस आई, लेकिन उसने कोई ठोस काम नहीं किया। इसके बाद वामपंथी सरकारें रहीं, जिनसे भी लोगों को खास फायदा नहीं मिला। उन्होंने ममता बनर्जी के 15 साल के शासन पर सवाल उठाते हुए पूछा कि क्या इस दौरान युवाओं को पर्याप्त सरकारी नौकरियां मिलीं? मुर्शिदाबाद और मालदा के युवाओं को रोजगार के लिए दूसरे राज्यों में क्यों जाना पड़ रहा है? उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों को सिर्फ वोट बैंक बनाकर रखा गया है। ओवैसी ने आगे कहा कि अब समय है कि लोग अपने बीच से नेतृत्व तैयार करें। उन्होंने कहा कि हुमायूं कबीर इसी दिशा में मौका दे रहे हैं और अगर लोग अपने प्रतिनिधि खुद नहीं चुनेंगे, तो उनकी आवाज कभी मजबूत नहीं हो पाएगी।
