गठबंधन की चर्चा के बीच मायावती ने किया बड़ा ऐलान; किसे बताया ‘फेक न्यूज’, क्यों याद किया गेस्ट हाउस कांड?
Mayawati on UP Election: बसपा प्रमुख मायावती ने 2027 के यूपी चुनाव में गठबंधन की खबरों पर तस्वीर साफ कर दी है। उन्होंने गेस्ट हाउस कांड, दिल्ली के नए बंगले और सुरक्षा खतरों पर भी बात की। जानें सबकुछ-
- Written By: प्रतीक पाण्डेय
बीएसपी सुप्रीमो मायावती, फोटो- सोशल मीडिया
UP Politics: उत्तर प्रदेश की राजनीति में गठबंधन की अटकलों के बीच बसपा सुप्रीमो मायावती ने बुधवार को स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी 2027 का विधानसभा चुनाव अकेले अपने दम पर लड़ेगी। उन्होंने मीडिया और सोशल मीडिया पर चल रही गठबंधन की खबरों को पूरी तरह से ‘फेक न्यूज’ और समर्थकों का ध्यान भटकाने की एक गहरी साजिश बताया है।
गठबंधन की खबरें ‘फेक न्यूज’ और विरोधियों की साजिश राजधानी लखनऊ में पत्रकारों से बात करते हुए मायावती ने गठबंधन की संभावनाओं पर पूर्ण विराम लगा दिया। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आएंगे, विपक्षी दल बसपा को सत्ता से दूर रखने के लिए साम-दाम-दंड-भेद के हथकंडे अपनाएंगे।
2007 की तरह 27 में भी अकेले लड़ेगी बसपा
उन्होंने इन खबरों को “घिनौनी साजिश” बताते हुए कहा कि बसपा अकेले चुनाव लड़कर 2007 की तरह पूर्ण बहुमत की सरकार बनाएगी। उन्होंने ‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस’ (AI) को सफलता की कुंजी बताने वाली चर्चाओं को भी स्वार्थी करार दिया।
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18-02-2026-BSP PRESS NOTE-POLL ALLIANCE RUMOUR pic.twitter.com/jNygW8es02 — Mayawati (@Mayawati) February 18, 2026
पुराने कड़वे अनुभव और विचारधारा का टकराव
मायावती ने स्पष्ट किया कि सपा, कांग्रेस और भाजपा जैसे दलों की विचारधारा बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की सोच के विपरीत और संकीर्ण है। अपने पिछले अनुभवों को साझा करते हुए उन्होंने कहा कि गठबंधन करने से बसपा को हमेशा राजनीतिक नुकसान ही उठाना पड़ा है। उनके अनुसार, विपक्षी दल बसपा का वोट तो ले लेते हैं, लेकिन अपना वोट बसपा को ट्रांसफर कराने में नाकाम रहते हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे ‘हाथी की मस्त चाल’ चलते रहें और किसी भी बहकावे में न आएं।
दिल्ली के टाइप-8 बंगले पर दी सफाई
दिल्ली में केंद्र सरकार द्वारा आवंटित नए बंगले को लेकर हो रही चर्चाओं पर भी मायावती ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने उनकी सुरक्षा को देखते हुए काफी समय बाद टाइप-8 का बंगला आवंटित किया है, जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसे लेकर भी गलत और गुमराह करने वाली बातें फैलाई जा रही हैं ताकि उनकी छवि को नुकसान पहुंचाया जा सके।
गेस्ट हाउस कांड पर क्या बोलीं मायावती?
मायावती ने अपनी उच्च सुरक्षा की आवश्यकता का बचाव करते हुए 2 जून 1995 के लखनऊ स्टेट गेस्ट हाउस कांड को याद किया। उन्होंने कहा कि तत्कालीन सपा सरकार और उसके मुखिया के इशारे पर उन पर जानलेवा हमला हुआ था, जिसके बाद से ही भारत सरकार द्वारा उन्हें उच्च सुरक्षा दी गई है।
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मायावती ने दावा किया कि वर्तमान में उनके ऊपर सुरक्षा खतरा कम होने के बजाय और बढ़ गया है, इसी कारण उन्हें पहले के बदले नया टाइप-8 बंगला दिया गया है। उन्होंने सभी अंबेडकरवादियों को सतर्क रहने और बाबा साहेब के आत्म-सम्मान आंदोलन को मजबूत करने का आह्वान किया।
