कांग्रेस सांसदों की एंट्री से पहले अयोध्या में हड़कंप! रामलला के दर्शन से पहले UP चीफ अजय राय हाउस अरेस्ट

Ram Mandir Donation Theft Case Updates: राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले के बीच अयोध्या पहुंचे यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय को हाउस अरेस्ट कर लिया गया है, उन्हें एक होटल में रखा गया है।
Ajay Rai House Arrest in Ayodhya
उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय (सोर्स- सोशल मीडिया)
Updated on

Ajay Rai House Arrest in Ayodhya: अयोध्या में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को हाउस अरेस्ट कर लिया गया है। अजय राय आज कांग्रेस सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ राम मंदिर में राम लला के दर्शन करने के लिए जाने वाले थे, लेकिन उससे पहले अयोध्या पुलिस ने उन्हें हाउस अरेस्ट कर लिया है। इससे एक बार फिर प्रदेश का सियासी माहौल गर्म हो गया है। कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ऐसे समय में दर्शन के लिए पहुंचा है जब राम मंदिर के कथित चढ़ावा चोरी का मामला चर्चा में है। जानकारी के मुताबिक, कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल में पार्टी के कई सांसद और विधायक शामिल हैं। जो मंगलवार को अयोध्या पहुंचेगा। इसी की तैयारी के सिलसिले में राय अयोध्या पहुंचे थे, जहां उन्हें हाउस अरेस्ट कर लिया गया।

प्रतिनिधिमंडल में कौन-कौन शामिल?

जानकारी के मुताबिक, कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश के सांसद, पूर्व सांसद, विधायक, पूर्व विधायक और पूर्व एमएलसी शामिल हैं। प्रतिनिधिमंडल मंगलवार सुबह करीब 9:30 बजे राम मंदिर जाकर दर्शन करने वाला है। इस 9 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल में अमेठी के सांसद किशोरी लाल, सीतापुर के सांसद राकेश राठौर, प्रयागराज के सांसद उज्जवल रमण सिंह और बाराबंकी के सांसद तनुज पूनिया जैसे नेता शामिल हैं। हालांकि अजय राय के हाउस अरेस्ट के बाद उनके दर्शन किए जाने पर संशय बन गया है।

कहां तक पहुंची चढ़ावा चोरी मामले की जांच

दूसरी तरफ राम मंदिर चढ़ावा चोरी को लेकर जारी जांच में हर दिन नए खुलासे हो रहे हैं। मामले की जांच कर रही एसआईटी की टीम अब तेजी से बैंकिंग सिस्टम की ओर बढ़ गई है। एसआईटी ने इस मामले में बड़ा कदम उठाते 6 से 7 बैंकों को नोटिस जारी किया है। इसमें एसबीआई, केनरा बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा जैसे बैंक शामिल हैं। पुलिस ने इन बैंको को राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से जुड़े खातों, लॉकर और संदिग्ध वित्तीय लेन-देन के पूरे रिकॉर्ड के लिए तलब किया है।

जांच एजेंसियां और पुलिस  ट्रांजैक्शन ट्रेल को ट्रैक करके पूरे पैसे के मूवमेंट को ट्रेस करने की कोशिश कर रही है। इसके अलावा आरोपियों और ट्रस्ट से जुड़े अन्य लोगों के वित्तीय रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। जांच में जुटे अधिकारियों का मानना है कि वित्तीय जांच से इस मामले में बड़े खुलासे हो सकते हैं। साथ ही जांच की दिशा और अधिक साफ हो जाएगी।

Navbharat Live
navbharatlive.com