राम मंदिर दान चोरी विवाद में सबसे बड़ी खबर! ट्रस्ट ने खुद CM योगी से की SIT जांच की मांग, सामने आएगा सच?

Ram Mandir Donation Row: मंदिर ट्रस्ट की तरफ से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सीधे अनुरोध किया गया है कि राम मंदिर में दान के पैसे की चोरी मामले की जांच एक SIT यानी विशेष जांच दल से करवाई जाए।
ram mandir donation row
राम मंदिर (Image- Social Media)
Published on
Updated on

Ram Mandir Donation Row SIT Investidation Demand: उत्तर प्रदेश के अयोध्या के राम मंदिर में दान के पैसे की चोरी का मामला इन दिनों सुर्खियों में है। जो पैसा भक्त दान करते हैं, उसकी कथित तौर पर चोरी को लेकर विवाद बढ़ गया है। इस मामले में विवाद बढ़ता4 देख अब खुद राम मंदिर का ट्रस्ट मैदान में आ गया है। मंदिर ट्रस्ट की तरफ से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सीधे अनुरोध किया गया है कि इस पूरे मामले की जांच एक SIT यानी विशेष जांच दल से करवाई जाए।

बता दें कि राम मंदिर में श्रद्धालु जो पैसे दान करते हैं, भक्त उन्हें दान पात्रों में डालते हैं। ये दान पात्र यानी वो बक्से या डिब्बे जिनमें भक्त पैसे डालते हैं। इन्हीं दान पात्रों से पैसे चोरी होने का आरोप लग रहा है।

राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने लिया संज्ञान

कथित चोरी मामले में तरह-तरह की अफवाहें फैल रही हैं। हर कोई अपनी अपनी कहानी बता रहा है। इन अफवाहों से मामला और उलझ गया है और लोगों में भ्रम फैल गया है। यही कारण है कि अब श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट, जो राम मंदिर की देखरेख करने वाला सरकारी ट्रस्ट है, वो एक्शनन में आ गया है। ट्रस्ट ने सीधे सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ को अनुरोध किया।

ट्रस्ट ने सीएम योगी से क्या अनुरोध किया?

राम मंदिर ट्रस्ट ने मुख्यमंत्री योगी से तीन मांग की है। पहली मांग है कि इस पूरे मामले की जांच एक SIT से करवाई जाए। बता दें कि SIT एक खास जांच दल होती है जो किसी भी बड़े मामले की गहराई से, बिना किसी दबाव के जांच करती है। ट्रस्ट की दूसरी मांग है कि यह जांच निष्पक्ष हो यानी बिना किसी की तरफदारी के हो और पूरी तरह से सच सामने आए। साथ ही ट्रस्ट ने सीएम योगी से कहा है कि जो भी दोषी हो, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

क्यों उठी SIT जांच की मांग?

ट्रस्ट ने दान चोरी के मामले को बेहद गंभीर माना है। राम मंदिर की दान राशि से जुड़ा ये मामला महज पैसों की चोरी नहीं है, बल्कि ये लाखों भक्तों की आस्था और भरोसे का सवाल भी है। करोड़ों लोग राम मंदिर में श्रद्धा से दान करते हैं। ऐसे में अगर ये दान की चोरी होती है और उसको लेकर अफवाहें भी फैलती हैं, तो ये बेहद संवेदनशील मामला बन जाता है।

ट्रस्ट का मानना है कि SIT जांच से ये साफ हो जाए कि आखिर हुआ क्या था, कितने पैसों की चोरी हुई, कौन जिम्मेदार है और इस तरह की घटना दोबारा न हो, इसके लिए कार्रवाई की जाए।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com