

Atiq Ahmed Prayagraj Property: माफिया अतीक अहमद के आर्थिक साम्राज्य पर एक और बड़ा प्रहार करते हुए प्रयागराज पुलिस ने तकरीबन 1 अरब 10 करोड़ रुपये मूल्य की बेनामी संपत्ति कुर्क कर दी। पुलिस के अनुसार यह जमीन अतीक अहमद ने वर्षों पहले मजदूरी करने वाले मदनलाल भारती के नाम पर खरीदी थी। कार्रवाई गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत की गई।
पुलिस के मुताबिक अतीक अहमद ने वर्ष 2014 से 2016 के बीच सदर तहसील क्षेत्र के गोसाईपुर कटैला, भीटी असदुल्लापुर, शाह उर्फ पीपलगांव और मरई गांव में करीब 50 बीघा जमीन मदनलाल भारती के नाम से खरीदी थी। जांच में सामने आया कि जमीन का वास्तविक मालिक अतीक अहमद था और मदनलाल केवल नाममात्र का व्यक्ति (बेनामी धारक) था।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने लगभग 20.38 बीघा भूमि को गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क कर लिया, जबकि शेष करीब 29 बीघा जमीन को राज्य सरकार के बंजर खाते में निहित किए जाने की प्रक्रिया पूरी की गई। पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर भूमि पर कुर्की का बोर्ड लगाया तथा मुनादी भी कराई। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि कुर्क संपत्ति से किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस जांच में पता चला कि मदनलाल भारती आर्थिक रूप से बेहद कमजोर था और मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। उसके बयान के अनुसार अतीक से जुड़े लोग उसे भोजन और खर्च के लिए पैसे देते थे तथा जहां कहते थे, वहां उसके नाम पर जमीन की रजिस्ट्री करा देते थे। बाद में उन्हीं संपत्तियों पर अतीक अहमद का कब्जा रहता था।
पुलिस का दावा है कि लगभग 9.96 करोड़ रुपये बाजार मूल्य वाली जमीन को केवल 1.36 करोड़ रुपये में खरीदा गया था। वर्तमान बाजार मूल्य के अनुसार 50 बीघा जमीन की कीमत करीब 110 करोड़ रुपये आंकी गई है।
इससे पहले भी प्रयागराज पुलिस अतीक अहमद की करोड़ों रुपये की बेनामी संपत्तियों को कुर्क कर चुकी है। पुलिस का कहना है कि माफिया, उसके गुर्गों और सहयोगियों द्वारा अपराध से अर्जित संपत्तियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
पुलिस कमिश्नर जोगेंद्र कुमार ने बताया कि जांच में स्पष्ट हुआ कि अतीक अहमद ने मदनलाल भारती के नाम पर बेनामी संपत्ति बनाई थी। गैंगस्टर एक्ट के तहत अपराध से अर्जित करीब 1.10 अरब रुपये मूल्य की इस संपत्ति को कुर्क किया गया है। साथ ही अतीक के सहयोगियों की अन्य संदिग्ध संपत्तियों की भी जांच जारी है।