

Highlights:
मथुरा के रूफटॉप रेस्टोरेंट में शराब के नशे में बवाल
गाड़ी टकराने की मामूली बात पर चले लात-घूंसे
हाईवे के रूफटॉप रेस्टोरेंट की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
Mathura Rooftop Restaurant Fight: मथुरा में रूफटॉप रेस्टोरेंट और बार का बढ़ता चलन अब विवाद और मारपीट की घटनाओं को लेकर चर्चा में आने लगा है। दिल्ली-आगरा हाईवे पर संचालित रूफटॉप रेस्टोरेंट में शराब के नशे में हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया।
गाड़ी टकराने को लेकर शुरू हुई मामूली कहासुनी देखते ही देखते मारपीट में बदल गई। दोनों पक्षों के बीच जमकर लात-घूंसे चले। इस दौरान एक महिला का सिर फूट गया, जबकि कई अन्य लोगों के भी घायल होने की सूचना है।
ताजा मामला थाना क्षेत्र की कृष्णानगर पुलिस चौकी के अंतर्गत दिल्ली-आगरा हाईवे स्थित Love Wings और Culture Sky Rooftop से जुड़ा बताया जा रहा है। यहां आए लोगों के बीच किसी वाहन के टकराने को लेकर विवाद शुरू हुआ।
शुरुआत में दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई, लेकिन देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि दोनों तरफ से लोग आमने-सामने आ गए। आरोप है कि शराब के नशे में धुत लोगों ने एक-दूसरे के साथ मारपीट शुरू कर दी।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विवाद के दौरान मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मारपीट इतनी बढ़ गई कि एक महिला के सिर में गंभीर चोट लग गई और उसका सिर फूट गया। घटना में कई अन्य लोगों के भी घायल होने की बात सामने आई है। हाईवे पर स्थित प्रतिष्ठानों के आसपास अचानक हुए इस हंगामे से वहां मौजूद लोगों में भी दहशत फैल गई।
घटना की सूचना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही कृष्णानगर चौकी पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही झगड़े में शामिल लोग वहां से फरार हो चुके थे। इसके चलते पुलिस को मौके पर कोई आरोपी नहीं मिल सका। पुलिस घटना के संबंध में जानकारी जुटाने और पूरे मामले की पड़ताल में जुटी है।
इस घटना ने दिल्ली-आगरा हाईवे पर संचालित रूफटॉप रेस्टोरेंट और बार की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। सवाल यह भी है कि देर रात तक संचालित होने वाले ऐसे प्रतिष्ठानों में शराब के सेवन के बाद होने वाले विवादों को रोकने के लिए क्या पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं? ग्राहकों की सुरक्षा, पार्किंग व्यवस्था और प्रतिष्ठानों के आसपास कानून व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी किसकी है?
धर्मनगरी मथुरा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों का आवागमन होता है। ऐसे में सार्वजनिक स्थलों और हाईवे किनारे संचालित होने वाले प्रतिष्ठानों में सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखना बेहद जरूरी है। स्थानीय लोगों का मानना है कि पुलिस को ऐसे प्रतिष्ठानों की गतिविधियों पर नियमित निगरानी रखनी चाहिए, ताकि शराब के नशे में होने वाले विवाद किसी बड़ी घटना का रूप न ले सकें।