कानपुर में पेड़ पर चढ़े तेंदुए की फोटो निकली फर्जी; ग्रामीणों में थी दहशत, दोषियों के खिलाफ होगी कार्रवाई

Kanpur Viral Photo: कानपुर के महाराजपुर क्षेत्र में सोशल मीडिया पर वायरल AI से बनी तेंदुए की तस्वीर से ग्रामीणों में दहशत फैल गई। वन विभाग की जांच में मामला पूरी तरह अफवाह निकला।
Kanpur Leopard Scare Turns Out AI-Generated Hoax, Forest Department Viral Photo
कानपुर (सोर्स-फोटो नवभारत)
Published on
Updated on

Panic In Rural Kanpur By AI-Generated Image: यूपी के कानपुर में तेंदुए की चहल कदमी की खबरों से ग्रामीण दहशत में आ गए थे। इतना ही नहीं बड़ी संख्या में ग्रामीण लाठी डंडा लेकर जंगल में तेंदुए की तलाश में जुट गए। ग्रामीण रविवार शाम तक उसकी तलाश करते रहे। लेकिन उसका कहीं कुछ पता नहीं चल सका। दरअसल पेड़ पर बैठे तेंदुआ की फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। कुछ लोगों ने इस तस्वीर को महाराज थाना क्षेत्र स्थित पुरवामीर की फोटो बता दी। इसके बाद ग्रामीणों में दहशत फैल गई।

एआई से बनाई गई फोटो

वन विभाग के सरसौल बीट प्रभारी भूपेंद्र सिंह का कहना है कि महाराजपुर में तेंदुआ होने की खबर फैली थी। जब वह मौके पर पहुंचे और जांच की तो यह सिर्फ अफवाह निकली। जिस पेड़ पर तेंदुआ चढ़ा होने की फोटो थी, वैसा कोई पेड़ जंगल में नहीं मिला। जांच पता चला कि फोटो एआई से बनाई गई है।

जंगल में तीन नील गाय के शव होने की बात कही गई थी। लेकिन जांच में केवल एक नील गाय के शव के अवशेष मिले। यह अवशेष भी लगभग बीस दिन पुराने थे। गांव का कोई व्यक्ति यह भी नहीं बता सका कि तेंदुए को किसने देखा। यह फोटो किसने खींची। इसके साथ ही किसी भी जंगली जानवर के पंजों के निशान भी नहीं मिले हैं।

दोषियों के खिलाफ होगी कार्रवाई

वहीं वन विभाग सरसौल के डिप्टी रेंजर का कहना है कि उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी गई है। जिसमें दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति की गई है। रिपोर्ट में यह भी है कि उस क्षेत्र में तेंदुए के रहने योग्य वातावरण नहीं बचा है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com