

Agra Krishna Janmotsav Celebrated: नर्वदेश्वर महादेव मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दौरान शुक्रवार की रात भक्ति और उल्लास का ऐसा रंग देखने को मिला, जिसने पूरे मंदिर परिसर को कृष्णमय कर दिया। कथा के बीच जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का प्रसंग आया, मंदिर परिसर ‘नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की’ के जयघोष से गूंज उठा। घंटा-घड़ियाल और शंखनाद के बीच श्रद्धालु भक्ति में सराबोर होकर झूमने लगे।
वृंदावन से पधारे कथावाचक श्री भरत लाल शास्त्री जी महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण के जन्म की कथा का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने कंस के अत्याचार, देवकी-वासुदेव की पीड़ा और भगवान श्रीकृष्ण के अवतरण की कथा सुनाते हुए कहा कि जब-जब धरती पर अधर्म बढ़ता है, तब-तब भगवान धर्म की स्थापना के लिए अवतार लेते हैं। कृष्ण जन्म का प्रसंग सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे।
जन्मोत्सव को लेकर मंदिर परिसर को फूलों, आकर्षक झांकियों और विशेष सजावट से सजाया गया था। भगवान श्रीकृष्ण के जन्म की घोषणा होते ही विधि-विधान से बाल गोपाल का अभिषेक किया गया। इसके बाद उन्हें सुंदर पालने में विराजमान कर श्रद्धालुओं ने झूला झुलाया। महिलाओं और बच्चों में बाल गोपाल को पालना झुलाने को लेकर विशेष उत्साह दिखाई दिया।
‘हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की’ जैसे भजनों पर महिलाएं और श्रद्धालु जमकर झूमे। भक्ति गीतों के बीच महिलाओं ने नृत्य कर कृष्ण जन्मोत्सव की खुशियां मनाईं। पूरा मंदिर परिसर देर रात तक जयकारों और भजनों से गूंजता रहा।
कार्यक्रम के अंत में श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद वितरण किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर भगवान श्रीकृष्ण का आशीर्वाद लिया।
इस अवसर पर आचार्य लक्ष्मीनारायण दास, कमल अग्रवाल, राकेश वर्मा, डॉ. सुरेश सिंह भगोर, नरेश गोगिया, नमन यादव, अंकुर चौधरी, अजय बंसल, राजू अग्रवाल, अरुण वर्मा, सनी शर्मा, अनिल चौरसिया, रामकुमार खंडेलवाल, राकेश त्यागी, हनी अग्रवाल, नितेश अग्रवाल, अंशु शर्मा, नीतू सिंह, रेखा, बृजेश चौहान, आशु सिकरवार, प्रीति अग्रवाल, निशा अग्रवाल, निशू यादव, गुन्नु यादव, रुनझुन, पीहु सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।