Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी न्यूज़
  • फैक्ट चेक
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो

  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

मेक इन इंडिया को अब ‘मेक AI इन इंडिया’ बनाना होगा…राघव चड्ढा का राज्यसभा में बड़ा सवाल, भारतीयों का भविष्य AI में कहां

जीरो आवर के दौरान चड्ढा ने कहा, "अमेरिका के पास ChatGPT, Gemini, Grok है। चीन के पास DeepSeek और Baidu है। ये देश बहुत आगे हैं क्योंकि उन्होंने सालों पहले निवेश शुरू कर दिया था।

  • By विकास कुमार उपाध्याय
Updated On: Mar 25, 2025 | 07:26 PM

राघव चड्ढा, फोटो - सोशल मीडिया

Follow Us
Close
Follow Us:

नई दिल्ली : आम आदमी पार्टी (AAP) के सांसद राघव चड्ढा ने मंगलवार यानी 25 मार्च को राज्यसभा में भारत को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) क्रांति में अग्रणी बनाने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा, “ये समय AI का है।” और चेतावनी दी कि विश्व तेजी से AI में आगे बढ़ रहा है, जबकि भारत पिछड़ने का जोखिम उठा रहा है।

जीरो आवर के दौरान चड्ढा ने कहा, “अमेरिका के पास ChatGPT, Gemini, Grok है। चीन के पास DeepSeek और Baidu है। ये देश बहुत आगे हैं क्योंकि उन्होंने सालों पहले निवेश शुरू कर दिया था। असली सवाल यह है कि क्या भारत AI का उपभोक्ता बनेगा या निर्माता?”

उन्होंने निवेश में अंतर को उजागर करते हुए कहा, “अमेरिका ने AI में 500 अरब डॉलर से ज्यादा, चीन ने 137 अरब डॉलर से अधिक का निवेश किया है, जबकि भारत का मिशन केवल एक अरब डॉलर का है।” चड्ढा ने बताया कि 2010 से 2022 तक अमेरिका ने विश्व के 60% AI पेटेंट, चीन ने 20%, और भारत ने सिर्फ 0.5% पेटेंट दायर किए।

भारत की क्षमता और चुनौती

AAP सांसद ने कहा, “भारत में सबसे अधिक प्रतिभा और मेहनती लोग हैं। हम वैश्विक AI कार्यबल का 15% हिस्सा हैं और दुनिया में तीसरी सबसे ज्यादा AI कौशल क्षमता रखते हैं। लेकिन अगर हम अभी नहीं चेते, तो यह बढ़त खो देंगे।” उन्होंने जोर देकर कहा, “मेक इन इंडिया को अब भविष्य की ओर बढ़ाना होगा- ‘मेक AI इन इंडिया’।”

चड्ढा ने चेताया कि AI सिर्फ तकनीक नहीं, बल्कि आर्थिक शक्ति, राष्ट्रीय सुरक्षा और संप्रभुता का सवाल है। “हमें विदेशी AI मॉडल पर निर्भर नहीं रहना चाहिए। भारत को अपना खुद का AI बनाना होगा।”

भारत को AI महाशक्ति बनाने के सुझाव

राघव चड्ढा ने कई सुझाव दिए: स्वदेशी AI चिप्स और हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग ढांचा विकसित करना, चिप निर्माण को प्रोत्साहन देना, देश भर में समर्पित AI कंप्यूटिंग सिस्टम स्थापित करना, डेटा सुरक्षा और राष्ट्रीय स्वतंत्रता के लिए स्वायत्त AI मॉडल बनाना, और भारतीय संस्थानों व AI स्टार्टअप्स को अनुसंधान अनुदान देना।

देश की अन्य खबरों को पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें

चड्ढा ने कहा, “140 करोड़ भारतीय पूछ रहे हैं- क्या हम AI के उपभोक्ता रहेंगे या उत्पादक बनेंगे? नीति पत्रों का समय खत्म हुआ, अब कार्रवाई का वक्त है।” उन्होंने सरकार से समयबद्ध राष्ट्रीय AI रणनीति, मजबूत फंडिंग और ढांचागत विकास की मांग की। “भारत के पास प्रतिभा, जुनून और संभावना है। अब जरूरत है दूरदृष्टि और निवेश की। दुनिया इंतजार नहीं कर रही, हमें भी नहीं करना चाहिए।”

-एजेंसी इंनपुट के साथ। 

Make in india must now be expanded to make ai in india aap raghav chadha

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Mar 25, 2025 | 07:23 PM

Topics:  

  • AAP
  • Artificial Intelligence
  • Raghav Chadha
  • Technology News

सम्बंधित ख़बरें

1

AI के बढ़ते खतरे से परेशान Instagram, असली और नकली कंटेंट में फर्क करना बना बड़ी चुनौती

2

GIFT City में खुलेगा देश का पहला राष्ट्रीय AI रिसर्च संस्थान, गुजरात सरकार की बड़ी पहल

3

‘टीचर अब कुत्ते गिनेंगे?’ दिल्ली सरकार के आदेश पर बवाल, AAP ने पूछा- बच्चे पढ़ाएं या निगरानी करें?

4

पंजाब सरकार पर कृषि मंत्री शिवराज का वार! 13 हजार पंचायतों में गबन और घोटाले का चिट्ठा खोला

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.