भारत में iPhone 17 Pro का निर्माण शुरू, ट्रंप की नाराज़गी के बावजूद Apple का बड़ा दांव

ट्रंप ने Apple द्वारा भारत में iPhone निर्माण को लेकर असंतोष जताया है। इसे देखते हुए उन्होंने भारत में कंपनी को बंद करने के बारे में भी कहा। लेकिन हालात को देखते हुए लग रहा है कि Apple इस फैसले को नहीं मानेगी।
भारत में iPhone 17 Pro का निर्माण शुरू, ट्रंप की नाराज़गी के बावजूद Apple का बड़ा दांव
Apple ने भारत में अपनी कंपनी को लेकर किया फैसला। (सौ. Unsplash)
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नई दिल्ली: अमेरिकी पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान ने टेक इंडस्ट्री में हलचल मचा दी है। ट्रंप ने Apple द्वारा भारत में iPhone निर्माण को लेकर असंतोष जताया है। उनका स्पष्ट कहना है कि iPhone का निर्माण भारत में नहीं, बल्कि अमेरिका में ही होना चाहिए। हालांकि, ट्रंप की नाराज़गी के बावजूद Apple के CEO टिम कुक का पूरा फोकस iPhone 17 Pro सीरीज के निर्माण पर है, जिसे अब भारत में तैयार किया जा रहा है।

भारत में शुरू हुआ ट्रायल प्रोडक्शन

रिपोर्ट्स के मुताबिक, Apple ने भारत में iPhone 17 सीरीज का ट्रायल प्रोडक्शन शुरू कर दिया है। यह काम कंपनी Foxconn और Tata Electronics के साथ मिलकर कर रही है। दोनों ही Apple के प्रमुख मैन्युफैक्चरिंग पार्टनर्स हैं। Apple की योजना है कि 2026 तक अमेरिका में बिकने वाले iPhones पूरी तरह मेड इन इंडिया हों। हालांकि ट्रंप के तीखे बयान के बाद इस योजना में बदलाव होगा या नहीं, यह देखना बाकी है। लेकिन इतना तो तय है कि Apple भारत को अपने मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में तेजी से विकसित कर रहा है।

अमेरिका के फैसलों पर टिकी है कंपनी की नजर

रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि अमेरिका ने टैरिफ और टैक्स नीतियों में बार-बार बदलाव किए हैं। वहीं चीन में कुछ उत्पादों पर कर दरें कम कर दी गई हैं। ऐसे में Apple अब अमेरिका के भविष्य के नीतिगत निर्णयों का इंतजार करना चाहती है, ताकि भारत से अमेरिका में iPhone की सप्लाई और बड़े स्तर पर निर्माण से पहले एक स्पष्ट रणनीति बनाई जा सके।

ट्रंप की नाराज़गी और Apple की प्रतिक्रिया

कतर दौरे पर गए ट्रंप ने कहा, "हम भारत से अमेरिका के लिए iPhone नहीं मंगवाना चाहते। iPhone का निर्माण अमेरिका में होना चाहिए।" इस बयान के बाद टेक जगत में हड़कंप मच गया है।

Apple ने जवाब में कहा है कि कंपनी अगले चार वर्षों में अमेरिका में 500 अरब डॉलर का निवेश करेगी। साथ ही ह्यूस्टन में नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट भी बनाया जाएगा, जहां सर्वर का निर्माण किया जाएगा।

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