

Google Japan Keyboard: Google ने एक बार फिर ऐसा कीबोर्ड पेश किया है जिसे देखकर पहली नजर में यकीन करना मुश्किल हो सकता है। बता दें कि जापान की Google Gboard टीम ने Gboard Kurukuru Version नाम का एक एक्सपेरिमेंटल कीबोर्ड दिखाया है जिसमें यूजर को उंगलियां लेकर Keys तक जाने की जरूरत नहीं पड़ती। इसके बजाय कीबोर्ड की Keys खुद घूमते हुए यूजर की उंगलियों तक पहुंच जाती है। साथ ही इन खास Keys को Google Japan ने इसे 1 अक्टूबर 2026 को पेश किया है।
Gboard Kurukuru के बारे में बताए तो इसमें चार अलग-अलग Conveyor Belts हैं। वहीं हर बेल्ट पर 29 Keys लगी हैं यानी पूरे कीबोर्ड में कुल 116 Keys मौजूद हैं। वहीं Uppercase और Lowercase Letters के लिए अलग-अलग Keys दी गई हैं इसलिए Capital Letter टाइप करने के लिए Shift दबाने की जरूरत नहीं पड़ती। वहीं बेल्ट लगातार घूमती रहती हैं और जिस Letter की जरूरत हो उसे उस समय दबाना होता है जब वह आपकी उंगली के सामने पहुंचता है।
अगर सही समय पर Key नहीं दबा पाए तो उसके दोबारा आने का इंतजार करना पड़ता है। इस वजह से इसका इस्तेमाल कुछ हद तक Rhythm Game जैसा महसूस हो सकता है। Rhythm Game के बार में बताए तो यह म्यूज़िक-थीम वाले एक्शन वीडियो गेम का एक प्रकार है। इसमें खिलाड़ी को गाने के साथ तालमेल बिठाकर इनपुट देने होते हैं जिससे उनकी टाइमिंग और रिदम की समझ की परीक्षा होती है।
Google ने इस नई तकनीक को लेकर बताया है कि इस प्रयोग के पीछे मुख्य विचार One-Hand Typing को आसान बनाना है। वहीं पारंपरिक कीबोर्ड में हाथ और उंगलियों को अलग-अलग Keys तक पहुंचना पड़ता है। ऐसे में Kurukuru में इसके उलट Keys खुद उंगली की तरफ आती हैं। वहीं कीबोर्ड में एक ऐसा सिस्टम भी है जो Key के निर्धारित पॉइंट पर पहुंचने पर उसका नाम आवाज के जरिए बताता है। इसके अलावा Speed Mode में बेल्ट को ज्यादा तेज चलाया जा सकता है। वहीं Google ने इस कॉन्सेप्ट को Copernican revolution in typing भी कहा है।
जानकारी में यह भी सामने आया है कि यह कोई ऐसा Commercial Keyboard नहीं है जिसे आप बाजार से खरीद सकते है। इसके लिए Google ने डिजाइन और प्रोजेक्ट को Open Source के तौर पर उपलब्ध कराया है। जिसका सीधा मतलब है कि जिन लोगों के पास जरूरी Components और तकनीकी जानकारी है वे इसके आधार पर अपना Kurukuru Keyboard बनाने की कोशिश कर सकते हैं। वहीं Google Japan के ऐसे Experimental Keyboard Projects की यह 15वीं कड़ी है।
वहीं लॉन्च के लिए 1 अक्टूबर की तारीख भी जानबूझकर चुनी गई है क्योंकि 10/1 को 101 की तरह पढ़ा जा सकता है जो पारंपरिक 101-Key Keyboard की ओर इशारा करता है। इससे पहले भी Google Japan अलग-अलग तरह के अनोखे Keyboard Concepts पेश कर चुका है।