Friend 2.0 AI Pendant: अब गले में पहनिए डिजिटल दोस्त, अकेलेपन का इलाज या नई चिंता? जानिए क्यों मचा है बवाल

Friend 2.0 AI Pendant: दुनिया भर में करोड़ों लोग आज ChatGPT, Gemini और Grok जैसे AI टूल्स का इस्तेमाल सवालों के जवाब पाने, सलाह लेने और बातचीत के लिए करते है।
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Friends 2.0 AI Pendant (Source. Social Media)
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AI Wearable Device: दुनिया भर में करोड़ों लोग आज ChatGPT, Gemini और Grok जैसे AI टूल्स का इस्तेमाल सवालों के जवाब पाने, सलाह लेने और बातचीत के लिए करते है। वहीं अब तक इन टूल्स तक पहुंच स्मार्टफोन, लैपटॉप या दूसरे स्क्रीन डिवाइसों के जरिए होती थी लेकिन टेक्नोलॉजी अब एक कदम और आगे बढ़ चुकी है। जिसमें कैलिफोर्निया की एक स्टार्टअप कंपनी ने Friend 2.0 AI Pendant लॉन्च किया है जो गले में पहनने पर एक असली दोस्त की तरह आपसे बात करता है और आपकी भावनाओं को समझने का दावा करता है।

Friend 2.0 क्या है और इसकी कीमत कितनी है?

बता दें कि कंपनी ने सबसे पहले 2024 में Friend नाम का AI पेंडेंट पेश किया था। अब इसका नया और अधिक उन्नत संस्करण Friend 2.0 लॉन्च किया गया है। जिसकी कीमत 249 डॉलर यानी करीब 23,752 रुपये रखी गई है और इसे कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट से खरीदा जा सकता है। वहीं डिजिटल दौर में बढ़ते अकेलेपन को देखते हुए कंपनी इसे एक ऐसे साथी के रूप में पेश कर रही है जो हर समय आपके साथ रह सके और बातचीत के जरिए भावनात्मक सहारा दे सके।

क्या हैं इसके खास फीचर्स?

Friend 2.0 के बारे में बताए तो पारंपरिक वॉइस असिस्टेंट्स Alexa और Siri से अलग बताया जा रहा है। पहले वाला मॉडल सिर्फ आपकी बातें सुनकर टेक्स्ट मैसेज के जरिए जवाब देता था, लेकिन नए संस्करण में इन-बिल्ट स्पीकर दिया गया है, जिससे यह सीधे आपसे बोलकर बातचीत कर सकता है। इस डिवाइस की सबसे अनोखी बात यह है कि हर पेंडेंट की अपनी अलग आवाज, नाम और पर्सनालिटी होगी जिसे यूजर बदल नहीं सकेगा। इसके अलावा इसमें माइक्रोफोन, टच-सेंसिटिव हैप्टिक्स, रिएक्टिव लाइटिंग, USB Type-C चार्जिंग और पूरे दिन चलने वाली बैटरी दी गई है। लेकिन अभी के लिए यह केवल iPhone के साथ काम करता है।

बातचीत याद रखेगा, लेकिन यहीं से शुरू हुआ विवाद

Friend 2.0 के बारे में और बताए तो इसमें डिफॉल्ट रूप से 30 दिनों तक की बातचीत याद रख सकता है। वहीं कंपनी के सब्सक्रिप्शन प्लान के साथ यह आपकी बातचीत को लंबे समय तक स्टोर कर सकता है। इसी फीचर को लेकर गोपनीयता और डेटा सुरक्षा पर सवाल उठने लगे हैं। बता दें कि सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने इस डिवाइस की तुलना फेंमस वेब सीरीज Black Mirror से की है और इसे भविष्य की एक डरावनी तस्वीर बताया है। कुछ लोगों का मानना है कि इंसानों की जगह AI को भावनात्मक साथी बनाना समाज के लिए नई चुनौतियां पैदा कर सकता है।

आलोचनाओं पर कंपनी का जवाब

वहीं इन आलोचनाओं के बीच कंपनी के 24 वर्षीय फाउंडर एवी शिफमैन ने कहा कि लोग इसे भले ही ब्लैक मिरर जैसा समझें लेकिन वे इसे बेहद सरल और मानवीय तरीके से पेश कर रहे हैं। उन्होंने साफ किया कि यह AI पेंडेंट न तो कोई काम निपटाने वाला असिस्टेंट है और न ही कोई रोमांटिक पार्टनर। यह सिर्फ एक ऐसा साथी है जिससे लोग अपनी भावनाएं और दिल की बातें साझा कर सकें।

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