

England vs Argentina FIFA 2026 Semifinal: फीफा विश्व कप 2026 में फ्रांस की हार के बाद इंग्लैंड अलर्ट मोड में है। वहीं अर्जेंटीना भी कोई लापरवाही नहीं करना चाहेगी। बीती रात खेले गए सेमीफाइनल मैच में स्पेन ने फ्रांस के विश्व कप जीतने के सपने को तोड़ दिया। स्पेन ने फ्रांस को 2-0 से हराकर फाइनल में जगह बना ली है। फीफा विश्व कप 2026 के सेमीफाइनल में अर्जेंटीना के खिलाफ होने वाले बड़े मैच से पहले इंग्लैंड टीम के स्टार मिडफील्डर और उप-कप्तान डेक्लान राइस को लेकर अपने पत्ते नहीं खोले हैं।
इंग्लैंड टीम के स्टार मिडफील्डर के बारे में कहा जा रहा है कि वे बीमारी से तो उबर चुके हैं, लेकिन उनके खेलने पर आखिरी फैसला मैच से ठीक पहले लिया जाएगा। इंग्लैंड के हेड कोच थॉमस ट्यूशेल उनकी फिटनेस को लेकर कोई जल्दबाजी नहीं करना चाहते और आखिरी ट्रेनिंग सेशन के बाद ही कोई निर्णय लेंगे।
आपको बता दें कि डेक्लान राइस नॉर्वे के खिलाफ क्वार्टर फाइनल मैच से पहले अचानक बीमार पड़ गए थे और तीन दिनों तक बिस्तर पर थे। वह उस मैच में खेले जरूर थे, लेकिन असहज होने की वजह से हाफ-टाइम में ही बाहर हो गए थे। अब वह बेहतर हैं और सोमवार को प्रैक्टिस भी की है, लेकिन बीमारी के साथ-साथ वो हैमस्ट्रिंग और पीठ दर्द से भी परेशान हैं। हालांकि, 78 इंटरनेशनल मैच खेल चुके 27 साल के राइस को पूरा भरोसा है कि वह अर्जेंटीना के खिलाफ शुरुआती एकादश (प्लेइंग इलेवन) में शामिल होंगे।
इंग्लैंड की टीम सेमीफाइनल के लिए कैनसस सिटी वाले अपने ट्रेनिंग सेंटर में आखिरी प्रैक्टिस करेगी। इसके बाद खिलाड़ियों के आराम के लिए एक रिकवरी सेशन होगा और फिर पूरी टीम मैच के लिए अटलांटा रवाना हो जाएगी। कोच ट्यूशेल मैच से पहले तीन खास खिलाड़ियों के साथ मिलकर स्टेडियम की पिच और मैदान का जायजा भी लेंगे ताकि रणनीति में कोई कमी न रह जाए।
इस विश्व कप में इंग्लैंड और अर्जेंटीना दोनों ने ही सेमीफाइनल तक पहुंचने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगाया है। इंग्लैंड ने नॉकआउट स्टेज में कांगो डीआर, मैक्सिको और फिर नॉर्वे जैसी मजबूत टीमों को धूल चटाई है। दूसरी तरफ, डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना ने काबो वर्डे, मिस्र और स्विट्जरलैंड को हराकर अंतिम चार में अपनी जगह पक्की की है।
इंग्लैंड के पूर्व दिग्गज स्ट्राइकर रॉबी फाउलर का मानना है कि इस महामुकाबले का फैसला मिडफील्ड की लड़ाई से ही होगा। अर्जेंटीना के पास एलेक्सिस मैक एलिस्टर, एंजो फर्नांडीज और रोड्रिगो डी पॉल जैसी खतरनाक तिकड़ी है, जो इंग्लैंड के स्टार जूड बेलिंगहम के मिडफील्ड को कड़ी टक्कर देगी। फाउलर के मुताबिक, अर्जेंटीना बॉल पजेशन (गेंद पर कब्जा) रखकर खेल की रफ्तार को कंट्रोल करने की कोशिश करेगा, इसलिए इंग्लैंड को डिफेंस में बहुत अनुशासित रहना होगा।
फाउलर ने याद दिलाया कि इंग्लैंड और अर्जेंटीना की दुश्मनी फुटबॉल इतिहास में बहुत पुरानी है। 1986 में माराडोना का 'हैंड ऑफ गॉड' गोल हो, 1998 में बेकहम का रेड कार्ड या 2002 में पेनल्टी से मिला बदला, इस मैच में सब कुछ दांव पर होगा। उन्होंने कहा कि नॉकआउट मैचों में तकनीकी खेल से ज्यादा दिमागी और मानसिक मजबूती काम आती है। जो टीम दबाव झेलेगी, वही जीतेगी।
लियोनेल मेसी की कप्तानी में मौजूदा विश्व विजेता अर्जेंटीना की टीम लगातार दूसरी बार फाइनल में पहुंचकर खिताब जीतने के इरादे से उतरेगी। क्वार्टर फाइनल में स्विट्जरलैंड को हराने के बाद मेसी की सेना जबरदस्त फॉर्म में है।
वहीं, कोच ट्यूशेल के मार्गदर्शन में इंग्लैंड 1966 के बाद पहली बार विश्व कप के फाइनल में पहुंचने का सपना सच करना चाहेगा। यह ऐतिहासिक मुकाबला गुरुवार को भारतीय समयानुसार रात 12:30 बजे खेला जाएगा। फीफा विश्व कप 2026 में फ्रांस भले ही खिताब जीतने की रेस से बाहर हो चुकी है, लेकिन वह तीसरे स्थान और ब्रॉन्ज मेडल के लिए प्ले-ऑफ मैच खेलेगी।