'अगर मुझे मौका मिला तो...', अभिषेक शर्मा ने दुनिया को बताया उनका बचपन का सपना, POTS बनकर खोला राज

Abhishek Sharma: अभिषेक शर्मा ने ऑस्ट्रेलिया दौरे पर टी20 सीरीज में सबसे ज्यादा 163 रन बनाकर कमाल किया और ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ चुने गए। इस दौरान उन्होंने अपने बचपन के सपने के बारे में जिक्र किया।
'अगर मुझे मौका मिला तो...', अभिषेक शर्मा ने दुनिया को बताया उनका बचपन का सपना, POTS बनकर खोला राज
प्लेयर ऑप द सीरीज का अवॉर्ड लेते अभिषेक शर्मा (फोटो- सोशल मीडिया)
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Abhishek Sharma Statement: भारत की 2-1 से सीरीज जीत के बाद सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने अपने शानदार प्रदर्शन से सभी का ध्यान खींचा। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी ने न सिर्फ भारत को मजबूत शुरुआत दी, बल्कि उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ का खिताब भी दिलाया। अभिषेक ने खुलकर बताया कि उन्होंने इस चुनौती के लिए कैसे खुद को तैयार किया और इस सीरीज ने उनके करियर को नया आत्मविश्वास दिया।

‘मानसिक और तकनीकी रूप से खुद को तैयार किया’

अभिषेक शर्मा ने बताया कि उन्होंने ऑस्ट्रेलिया जैसी परिस्थितियों के लिए खुद को मानसिक और तकनीकी दोनों रूप से तैयार किया था। उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया की उछाल भरी पिचों और तेज गेंदबाजों के खिलाफ खेलना हमेशा से उनका सपना रहा है। उन्होंने कहा कि “मैं इस सीरीज का इंतजार कर रहा था। जब मुझे पता चला कि हम टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए ऑस्ट्रेलिया जा रहे हैं तो मैं बहुत उत्साहित था। अपने पूरे करियर में मैंने देखा है कि ऑस्ट्रेलिया बल्लेबाजी के लिए बहुत अनुकूल है और मैं खुद को इस तरह के गेंदबाजों और परिस्थितियों के लिए तैयार करना चाहता था।”

‘अगर अच्छा क्रिकेट खेलना है तो विश्वस्तरीय गेंदबाजों से भिड़ना ही होगा’

अभिषेक ने बताया कि उन्होंने अभ्यास के दौरान खुद को ऐसे गेंदबाजों के लिए तैयार किया जो विश्वस्तरीय माने जाते हैं। उन्होंने कहा कि अच्छे क्रिकेटर बनने के लिए मुश्किल परिस्थितियों का सामना करना जरूरी है। शर्मा ने कहा कि “अगर आपको अच्छा क्रिकेट खेलना है और अपनी टीम के लिए अच्छा प्रदर्शन करना है तो आपको विश्वस्तरीय गेंदबाजों का सामना करना होगा। मैं इस तरह के गेंदबाजों के लिए अभ्यास कर रहा था क्योंकि इसी तरह आप एक खिलाड़ी के रूप में बेहतर होते हैं।”

‘कप्तान और कोच ने दिया खुलकर खेलने का आत्मविश्वास’

अभिषेक ने कहा कि भारतीय टीम प्रबंधन ने उन्हें पूरी आजादी दी कि वे अपना स्वाभाविक खेल खेलें। उन्होंने कप्तान और कोच का आभार जताया जिन्होंने उन्हें स्पष्टता और आत्मविश्वास दिया। उन्होंने कहा “कप्तान और कोच ने मुझे खुद को अभिव्यक्त करने की स्पष्टता और आत्मविश्वास दिया। एक बल्लेबाज के तौर पर जब आप 20 या 30 रन बनाते हैं तो आप जानते हैं कि आप ज्यादा देर तक खेल सकते हैं, लेकिन टीम के लिए गति निर्धारित करने की स्पष्टता ने वास्तव में मेरी मदद की।”

‘बचपन से वर्ल्ड कप जीतने का सपना देखा है’

अभिषेक शर्मा ने कहा कि यह सीरीज उनके लिए आत्मविश्वास बढ़ाने वाली रही और उन्होंने अगले साल टी20 वर्ल्ड कप के लिए खुद को पूरी तरह तैयार रखने का संकल्प लिया है। अभिषेक ने बताया कि “अगर मुझे वर्ल्ड कप खेलने का मौका मिला तो यह मेरे सपने के सच होने जैसा होगा। बचपन से ही मैं हमेशा भारत के लिए वर्ल्ड कप जीतने का सपना देखता था। मैं यह सुनिश्चित करूंगा कि मैं उस टूर्नामेंट के लिए तैयार रहूं।0

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