वो खिलाड़ी जिसने 6 साल की उम्र में पकड़ी हॉकी स्टिक, एशियाई खेलों में भारत को दिलाया था रजत पदक

Balbir Singh Junior: भारतीय हॉकी के दिग्गज बलवीर सिंह जूनियर ने 1958 एशियाई खेलों में रजत पदक दिलाया। भारतीय रेलवे और सेना में योगदान के साथ उनकी हॉकी विरासत अमर रही।
Balbir Singh Junior Death Anniversary
बलबीर सिंह जूनियर (फोटो-सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Balbir Singh Junior Death Anniversary: बलबीर सिंह जूनियर की गिनती भारत के दिग्गज हॉकी खिलाड़ियों में की जाती है। उन्होंने साल 1958 में हुए एशियाई खेलों में अपने दमदार प्रदर्शन के बूते देश को रजत पदक दिलाने में अहम भूमिका निभाई थी। हॉकी में यादगार करियर के बाद बलवीर भारतीय सेना का भी हिस्सा रहे, और वह मेजर पद पर रहते हुए रिटायर हुए।

बलबीर सिंह का जन्म जालंधर के संसारपुर में 13 अप्रैल 1932 को हुआ था। जालंधर को उस समय हॉकी का गढ़ माना जाता था। बलबीर ने महज 6 साल की उम्र में हॉकी की स्टिक पहली बार थामी, और इस खेल से उनका लगाव दिन-प्रतिदिन बढ़ता चल गया। बलवीर सेंटर फॉरवर्ड की पोजीशन पर खेलते थे। बलवीर घरेलू स्तर पर अपने दमदार खेल के बूते हर किसी को प्रभावित करते रहे।

Balbir Singh Junior ने भारतीय रेलवे को दिलाया था लगातार तीन खिताब

पंजाब की राज्य टीम की ओर से खेलते हुए बलबीर का प्रदर्शन लाजवाब रहा। वहीं, पंजाब यूनिवर्सिटी को भी उन्होंने अपने खेल के दम पर कई मुकाबलों में यादगार जीत दिलाई। 1957, 1958, और 1959 में बलवीर ने भारतीय रेलवे को लगातार तीन साल राष्ट्रीय खिताब जिताने में अहम भूमिका निभाई।

Hockey legend Balbir Singh Junior

बलबीर भारतीय रेलवे टीम का भी हिस्सा रहे। उन्होंने भारत के साथ-साथ विदेशी सरजमीं पर भी जाकर अपने प्रदर्शन से हर किसी को खासा प्रभावित किया। साल 1951 में बलबीर के करियर में वो पल आया, जिसका वह लंबे समय से इंतजार कर रहे थे। अफगानिस्तान के दौरे पर गई भारतीय टीम में बलबीर को शामिल किया गया और इसके बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा।

Balbir Singh Junior ने भारत को 1958 में जिताया था रजत पदक

वह भारतीय जर्सी में भी लगातार अच्छा प्रदर्शन करते रहे। हालांकि, उनके इंटरनेशल करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि साल 1958 में आई। टोक्यो में खेले गए एशियाई खेलों में भारतीय टीम ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया। भारतीय टीम के इस सफर को टूर्नामेंट में यादगार बनाने में बलबीर जूनियर का अहम रोल रहा।

हॉकी के खेल में देश का मान बढ़ाने के बाद, साल 1962 में बलवीर जूनियर भारतीय सेना में बतौर आपातकालीन कमीशन अधिकारी शामिल हुए। सेना में उन्होंने कई वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं, और वह आर्मी ऑर्डिनेंस कोर से मेजर पद पर रहते हुए रिटायर हुए। उन्होंने 1984 के बाद हॉकी खेल से दूरी बना ली। बलबीर जूनियर का निधन 13 अप्रैल 2021 को 88 वर्ष की उम्र में हुआ।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com