

नई दिल्ली: इतिहास में एक दिसंबर का दिन कई अहम घटनाओं के लिए दर्ज है। इनमें एक घटना देखने में तो मामूली लगती है, लेकिन आगे चलकर उसने इतना बड़ा रूप ले लिया कि इतिहास में एक विशेष स्थान बना लिया।
दरअसल, 1955 में रोसा पार्क्स नाम की एक अश्वेत महिला अलाबामा में एक बस में यात्रा कर रही थी। उसने एक श्वेत यात्री के लिए सीट छोड़ने से इंकार कर दिया। उस समय के नस्लभेदी नियमों के खिलाफ जाने पर उन्हें दंडित किया गया। इस घटना का जबरदस्त विरोध हुआ और मार्टिन लूथर किंग जूनियर के नेतृत्व में अश्वेत समुदाय ने 381 दिनों तक बसों का बहिष्कार किया।
(एजेंसी इनपुट के साथ)