Wooden Temple: घर में लकड़ी का मंदिर है? ये छोटी-सी भूल बिगाड़ सकती है पूजा स्थान का वास्तु, जान लें सही नियम

Wooden Temple Tips : घर में लकड़ी का मंदिर रखते समय वास्तु के कुछ जरूरी नियमों का ध्यान रखना चाहिए। जानें मंदिर की सही दिशा, स्थान और पूजा से जुड़ी वे छोटी-छोटी गलतियां ।
Wooden Temple Placement Rules
लकड़ी के मंदिर से जुड़े नियम ( सौ.जैमिनी)
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Wooden Temple Placement Rules : हिंदू धर्म में पूजा पाठ का बहुत महत्व है। अधिकतर लोग अपने दिन की शुरुआत पूजा पाठ से करते हैं और इसके लिए घर में मंदिर रखते है। वास्तु शास्त्र में घर में पूजाघर और मंदिर को लेकर कुछ नियम बताए गए है। इन नियमों को पालन करने से देवी देवताओं की कृपा बनी रहती है और घर में सुख-समृद्धि का वास होता है।

अगर आपके घर में लकड़ी का मंदिर है, तो आपको इसके लिए कुछ वास्तु नियमों का पालन करना चाहिए जिससे आपको पूजा का पूर्ण फल मिले और मानसिक शांति भी मिले। आइए आपको बताते हैं कि लकड़ी से बना हुआ मंदिर आपको घर के किस स्थान में रखना चाहिए और इसके लिए कौन सी ऐसी बातें हैं जिनका आपको पालन करना चाहिए।

घर में लकड़ी का है मंदिर तो भूल कर भी न करें ये गलतियां

  • मंदिर रखने की सही दिशा

वास्तु शास्त्र के अनुसार आपको घर में लकड़ी का मंदिर हमेशा उत्तर-पूर्व दिशा यानी ईशान कोण में ही रखना चाहिए। यह एक ऐसी दिशा मानी जाती है जहां ईश्वर का स्थान होता है।

वास्तु एवं ज्योतिष विशेषज्ञों का मानना है कि,अगर आप इस दिशा में मंदिर रखते हैं तो घर में हमेशा सुख समृद्धि बनी रहती है और आपसी कलह-कलेश भी नहीं होता है। इस दिशा में लकड़ी का मंदिर रखने से जीवन में समृद्धि बनी रहती है।

हालांकि यदि किसी वजह से आपके घर में मंदिर के लिए ईशान कोण मौजूद नहीं है तो आप मंदिर उत्तर दिशा में भी रख सकते हैं।

किस दिशा में रखने से बचना चाहिए?

अगर आप घर में लकड़ी का मंदिर रखते हैं तो आपको कभी भी इसे सीधे जमीन पर नहीं रखना चाहिए। लकड़ी का मंदिर हमेशा किसी लकड़ी की चौकी या स्टैंड पर ही रखना चाहिए।

अगर आप सीधे ही मंदिर जमीन पर रखते हैं तो आपको उस स्थान पर बैठकर पूजा का पूर्ण फल नहीं मिलता है और वास्तु में ऐसा माना जाता है कि मंदिर हमेशा जमीन से थोड़ी ऊंचाई पर इसलिए होना चाहिए क्योंकि पूजा के समय ईश्वर का स्थान हमेशा ऊंचाई पर होना चाहिए। आप मंदिर से ऊंचे स्थान पर खड़े होकर पूजा न करें।

मंदिर के ऊपर न रखें कोई भी सामान

कई बार लोग मंदिर के ऊपर कोई सामान जैसे भगवान की मूर्तियां या किताबें रख देते हैं। वास्तु के अनुसार आपको ऐसा करने से मना किया जाता है क्योंकि ये मंदिर के वास्तु दोष का कारण बन सकता है। आप कभी भी मंदिर के ऊपर भगवान के कपड़े, किताबें या अन्य चीजें न रखें। ऐसी चीजें आपके मन में भ्रम पैदा करती हैं और आपका पूजा में मन भी नहीं लगता है।

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मंदिर के ऊपर न रखें कोई भी सामान

कई बार लोग मंदिर के ऊपर कोई सामान जैसे भगवान की मूर्तियां या किताबें रख देते हैं। वास्तु के अनुसार आपको ऐसा करने से मना किया जाता है क्योंकि ये मंदिर के वास्तु दोष का कारण बन सकता है। आप कभी भी मंदिर के ऊपर भगवान के कपड़े, किताबें या अन्य चीजें न रखें। ऐसी चीजें आपके मन में भ्रम पैदा करती हैं और आपका पूजा में मन भी नहीं लगता है।

मंदिर में क्या न रखें ?

चाकू, कैंची और माचिस

वास्तु के अनुसार, आपको लकड़ी के मंदिर के ऊपर या भीतर कभी भी धार वाली वस्तुएं जैसे चाकू, कैंची नहीं रखनी चाहिए और न ही मंदिर में माचिस रखनी चाहिए। इस तरह की चीजें मंदिर के लिए वास्तु दोष को आकर्षित करती हैं और पूजा का पूर्ण फल भी नहीं मिलता है। आपको मंदिर के पास जूते-चप्पल या झाड़ू भी नहीं रखनी चाहिए।

अगर आप इन नियमों का पालन करते है तो जीवन में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है और घर परिवार में देवीय कृपा भी बरसती है।

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