

Navratri Mein Maa Durga Ka Vahan : हर साल की तरह इस बार भी भक्तों को शारदीय नवरात्र का बेसब्री से इंतजार है। जगत जननी आदिशक्ति माँ दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना का यह पावन पर्व न सिर्फ घर में सुख-समृद्धि लाता है, बल्कि बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश भी देता है। पंचांग के अनुसार, इस साल शारदीय नवरात्रि 11 अक्टूबर से शुरू होकर 20 अक्टूबर तक चलेगी। तिथियों के अनुसार इस बार नवरात्रि 9 दिनों की न होकर बल्कि 10 दिनों की होगी।
धार्मिक एवं ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, नवरात्रि में देवी दुर्गा के आगमन और प्रस्थान का वाहन का विशेष महत्व होता है। इस साल शारदीय नवरात्रि में मां भगवती हाथी पर सवार होकर आएंगे और घोड़े पर विदा होंगी। जानिए मां दुर्गा का आगमन और प्रस्थान का वाहन किस बात का संकेत दे रहा है।
जगत जननी आदिशक्ति मां दुर्गा का वाहन सिंह यानी शेर है लेकिन जब माता रानी पृथ्वी लोक पर आती है तब उनका वाहन बदल जाता है। देवीभाग्वत पुराण के श्लोक- शशि सूर्य गजरुढा शनिभौमै तुरंगमे। गुरौशुक्रेच दोलायां बुधे नौकाप्रकीर्तिता॥
शास्त्रों के अनुसार सप्ताह के सातों दिनों के अनुसार देवी मां के आगमन का अलग-अलग वाहन बताया गया है। इस बार शारदीय नवरात्रि में मां जगदंबा हाथी पर सवार होकर आएंगी। ज्योतिषों के अनुसार, देवी दुर्गा का आगमन हाथी पर होना अत्यंत ही शुभ संकेत माना जाता है। हाथी को सुख-समृद्धि और स्थिरता का प्रतीक माना जाता है।
इस बार शारदीय नवरात्रि में मां जगदंबा हाथी पर सवार होकर आएंगी और मां की विदाई घोड़े पर होगी। धार्मिक मान्यताओं में देवी के घोड़े पर प्रस्थान को विशेष संकेत से जोड़कर देखा जाता है। इसे कई परंपराओं में युद्ध या अशांति की स्थिति का प्रतीक माना गया है।
हालांकि, यह धार्मिक मान्यताा है इसे भविष्य की निश्चित घटना या भविष्यवाणी के तौर पर नहीं देखनाा चाहिए।