

Sawan Main Door Remedy: सावन का महीना भगवान शिव की पूजा के लिए सर्वोत्तम माना जाता है। धर्म शास्त्रों में बताया गया है कि, इस महीने में जो भी भक्त सच्चे मन से महादेव की आराधना करता है उसे मनोवांछित फलों की प्राप्ति होती है और दुख-तकलीफ दूर हो जाती है। ऐसे में शिव भक्त कई तरह उपाय अपनाते है।
खासतौर पर, मुख्य द्वार से जुड़ा उपाय।वास्तु शास्त्र के अनुसार इस दौरान घर के मुख्य द्वार पर एक आसान उपाय अपनाने से नकारात्मकता दूर होने की मान्यता है। जानिए सावन माह में किए जाने वाले एक ऐसे ही उपाय के बारे में।
वास्तु शास्त्र के अनुसार, सावन के दौरान हर सुबह स्नान के बाद एक गिलास या लोटे में साफ पानी लें और उसमें एक चुटकी हल्दी मिला दें। इसके बाद इस जल का छिड़काव घर के मुख्य द्वार, चौखट और उसके आसपास करें। मान्यता है कि यह उपाय घर में मौजूद नकारात्मक ऊर्जा के प्रभाव को कम करता है।
हिंदू परंपरा में हल्दी को बेहद पवित्र और शुभ माना गया है। ज्योतिष और वास्तु शास्त्र में इसका संबंध गुरु ग्रह से बताया है, जो ज्ञान, समृद्धि और शुभता का प्रतीक है। इसलिए हल्दी का प्रयोग पूजा-पाठ और शुभ कार्यों में भी किया जाता है।
मान्यता है कि मुख्य द्वार पर हल्दी मिले जल का नियमित छिड़काव करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है। इससे परिवार के सदस्यों के बीच सुख-शांति का वातावरण रहने, मानसिक तनाव कम होने और समृद्धि के अवसर बढ़ने की भी मान्यता है। साथ ही भगवान शिव और मां लक्ष्मी की कृपा भी प्राप्त होती है।
इसके अलावा, सावन के महीने में मुख्य द्वार पर आम के पत्तों का तोरण लगाना भी लाभकारी माना जाता है। कहते हैं कि इससे शिव कृपा प्राप्त होती है और जीवन में खुशहाली बनी रहती है। इसके लिए आम के ताजे पत्तों और गेंदे के फूलों की तोरण बनाएं बनाकर उसे मुख्य द्वार पर लगाएं।
सावन में बारिश और हरियाली रहती है। ऐसे में नकारात्मकता दूर करने के लिए सिर्फ उपाय कर लेना ही पर्याप्त नहीं माना जाता। बल्कि मुख्य द्वार हमेशा साफ, व्यवस्थित होना चाहिए। इससे शुभ ऊर्जा के प्रवेश का मार्ग खुलाता है।