मई के अंतिम सप्ताह में है ‘शनि जयंती’, साढ़ेसाती और ढैय्या से छुटकारा के लिए इन स्थानों पर जलाएं दीया
27 मई को पूरे देशभर में शनि जयंती मनाई जाएगी। इस विशेष दिन पर कुछ खास जगहों पर दीपक जलाने से शनि दोष से मुक्ति मिलती है और जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं, तो आइए उन स्थानों के बारे में जानते हैं।
- Written By: सीमा कुमारी
शनि जयंती पर इन 5 स्थानों पर जलाए दीपक (सौ.सोशल मीडिया)
27 मई को पूरे देशभर में शनि जयंती मनाई जाएगी। यह जयंती हर साल ज्येष्ठ मास की अमावस्या तिथि को मनाई जाती है। शनि देव, न्याय और कर्मफल के देवता माने जाते हैं। उनकी कृपा जिस पर बरसती है, उसका जीवन सुख-समृद्धि से भर जाता है।
धार्मिक मान्यता है कि इस दिन शनि देव की पूजा विधिपूर्वक करने से व्यक्ति को शनि दोष से मुक्ति मिलती है। साथ ही इस विशेष दिन पर कुछ खास जगहों पर दीपक जलाने से शनि दोष से मुक्ति मिलती है और जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं, तो आइए उन स्थानों के बारे में जानते हैं।
शनि जयंती पर इन 5 स्थानों पर जलाए दीपक :
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शनि मंदिर पर जलाए दीपक
ज्योतिषयों के अनुसार, शनि जयंती के दिन शनिदेव के मंदिर में जाकर सरसों के तेल का दीपक जलाना सबसे शुभ एवं उत्तम माना जाता है। कहते हैं कि, मंदिर में शनिदेव की प्रतिमा के समक्ष दीपक जलाने से उनकी सीधी कृपा प्राप्त होती है। इसके साथ ही आप शनिदेव को काले तिल, नीले फूल और तेल भी अर्पित कर सकते हैं।
हनुमान मंदिर पर जलाएं दीपक
शनि जयंती के दिन शनि मंदिर के अलावा, हनुमान मंदिर में भी दीपक जलाना सबसे शुभ एवं उत्तम माना जाता है। इस स्थान में दीपक जलाने से भी शनि दोष शांत होता है। ऐसे में इस दिन हनुमान चालीसा का पाठ करें। उन्हें सिंदूर अर्पित करें और फिर भाव के साथ दीपक जलाना भी इस दिन शुभ माना जाता है।
पीपल के वृक्ष के नीचे पर जलाए दीपक
शनि जयंती के दिन पीपल के वृक्ष के नीचे भी दीपक जलाना सबसे शुभ माना जाता है। कहते है कि पीपल के वृक्ष में देवताओं का वास होता है और शनिदेव को यह वृक्ष विशेष रूप से प्रिय है। शनि जयंती की रात पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। यह उपाय शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या के प्रभाव को कम करने में भी सहायक माना जाता है।
भैरव मंदिर पर जलाए दीपक
भैरव देव को शनिदेव का गुरु माना जाता है। मान्यता है कि शनि जयंती की रात भैरव मंदिर में दीपक जलाने से शनिदेव के प्रकोप से मुक्ति मिलती है। भैरव देव की पूजा करने से नकारात्मक ऊर्जा भी दूर होती है और जीवन में खुशहाली आती है।
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घर के पूजा स्थल पर जलाए दीपक
अगर आप शनि मंदिर नहीं जा सकते हैं, तो घर के पूजा स्थल पर भी शनिदेव के नाम से दीपक जला सकते हैं। सरसों के तेल का दीपक जलाएं। दीपक जलाते समय शनि मंत्र ‘ओम शनैश्चराय नमः’ का जाप करें।
दीपक जलाने के साथ करें ये शुभ काम
- गरीबों और जरूरतमंदों को काले वस्त्र, जूते व अनाज का दान करें।
- इस दिन किसी भी गरीब या असहाय व्यक्ति का अपमान न करें।
- शनिदेव को प्रसन्न करने के लिए काले तिल और उड़द की दाल का भी दान कर सकते हैं।
