

Hartalika Teej Vrat Khandit: हरतालिका तीज का व्रत तीनों तीजों में सबसे कठिन व्रतों में से एक माना जाता है, जिसमें महिलाएं 24 घंटे तक निर्जला व्रत रखती हैं। इस व्रत में रात्रि जागरण कर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-अर्चना की जाती है।
यह व्रत 24 घंटे का होता है और निर्जला रखा जाता है यानी इसमें कुछ भी खाया पीया नहीं जाता है। अगर यह व्रत किसी कारणवश टूट जाता है, तो यहां बताए कुछ उपाय करके व्रत का फल प्राप्त कर सकते है।
धार्मिक एवं ज्योतिष मान्यता के अनुसार,अगर किसी गलती के कारण आपका हरतालिका तीज व्रत टूट गया है ऐसी स्थिति में स्नान करने के बाद मंदिर में बैठकर भगवान शिव और मां पार्वती से क्षमा मांगें। मान्यता है कि, ऐसा करने से व्रत का पूर्ण फल प्राप्त होता है।
इसके अलावा, हरतालिका तीज व्रत टूट जाने पर आप किसी पंडित की सलाह ले सकते है। इस व्रत के पूर्ण फल की प्राप्ति के लिए आपको पंडित दान और अन्य उपाय करने की सलाह दे सकते हैं।
हरतालिका तीज व्रत की पूजा के दौरान कथा का पाठ न करना या नींद आने की वजह से व्रत दोष लगता है, तो ऐसे में आप श्रद्धा अनुसार मंदिर या सुहागिन महिलाओं को सुहाग की चीजों का दान करें। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस उपाय को करने से व्रत सफल होता है।
अगर गलती से हरतालिका तीज व्रत टूट गया है तो घबराएं नहीं और माता पार्वती से क्षमा मांगे। गलती से कुछ खा लिया है तो इसके बाद तुरंत तुलसी दल का सेवन करें। ध्यान रहे कि व्रत जानबूझकर न तोड़ें, इससे व्रत का फल प्राप्त नहीं होगा।
अगर गलती से कुछ खा लिया है और हरतालिका तीज व्रत टूट गया है तो पंचामृत से मां पर्वती और शिवजी को स्नान कराएं और फिर पंचोपचार पूजा कर क्षमा मांगे। पूजा के बाद आरती कर पूजा संपन्न करें।