बुधवार को चुपचाप कर लें ये उपाय, विघ्नहर्ता श्रीगणेश दूर करेंगे सारे कष्ट, बनेंगे शुभ-लाभ के योग

Budhwar Remedies:बुधवार के दिन भगवान गणेश की पूजा और सरल उपाय करने से जीवन के विघ्न दूर होते हैं और सुख-समृद्धि के योग बनते हैं। आइए जानते है बुधवार के दिन किए जाने वाले विशेष उपायों के बारे में।
Budhwar Ke Upay,
भगवान गणेश (सौ.सोशल मीडिया)
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Budhwar Ke Upay: हिंदू धर्म में बुधवार का दिन बुद्धि एवं शुभता के देवता भगवान गणेश की पूजा- अर्चना के लिए समर्पित हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन विघ्नहर्ता गणेश जी की पूजा करने के अलावा कुछ आसान उपायों को करने से घर में सुख-शांति आती है और धन की भी कमी दूर होती है। तो आज हम आपको बुधवार के दिन किए जाने वाले विशेष उपायों के बारे में बताने जा रहे हैं।

भगवान गणेश और बुध ग्रह को समर्पित 'बुधवार का दिन '

बुधवार का दिन भगवान गणेश और बुध ग्रह को समर्पित है। यह दिन बुद्धि, विद्या, व्यापार, वाणी और सुख-समृद्धि के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। गणेश जी की पूजा से जीवन के विघ्न दूर होते हैं, करियर में सफलता मिलती है और मानसिक शांति प्राप्त होती है। इस दिन हरे रंग का विशेष महत्व है।

बुधवार को कर लें ये आसान उपाय

  • भगवान गणेश की पूजा: बुधवार को विघ्नहर्ता गणेश जी की पूजा करने से हर कार्य सफल होते हैं और आर्थिक तंगी दूर होती है।
  • बुध ग्रह की मजबूती: बुध बुद्धि और तर्क शक्ति का कारक है। इस दिन की पूजा से वाणी में मधुरता और एकाग्रता बढ़ती है।
  • शुभ कार्य और शुरुआत: यह दिन नया व्यापार, विद्या या कोई भी शुभ काम शुरू करने के लिए उत्तम माना जाता है।
  • विशेष उपाय (हरी वस्तुएं): बुधवार को गाय को हरा चारा खिलाना, गणेश जी को दूर्वा (घास) चढ़ाना और मूंग दाल का दान करना बहुत शुभ होता है।

बुधवार के दिन क्या करना होता है अशुभ

  • पैसों का लेन-देन

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, बुधवार के दिन किसी को उधार देना या किसी से उधार लेना शुभ नहीं माना जाता। कहा जाता है कि इस दिन दिया गया उधार पैसा वापस मिलने में कठिनाई होती है। साथ ही, लिया गया उधार आर्थिक तंगी का कारण बन सकता है।

  • वाद विवाद न करें

बुध ग्रह वाणी का स्वामी है, इसलिए बुधवार को किसी को अपशब्द बोलना, झूठ बोलना या तर्क-वितर्क करना हानिकारक हो सकता है। आपकी कड़वी वाणी आपके बनते हुए काम बिगाड़ सकती है।

  • पश्चिम दिशा की यात्रा

शास्त्रों में बुधवार को पश्चिम दिशा की यात्रा करना 'दिशाशूल' माना गया है। यानी इस दिशा में यात्रा करने से कार्यों में असफलता या दुर्घटना का भय रहता है। यदि यात्रा अनिवार्य हो, तो गुड़ या धनिया खाकर ही घर से निकलें।

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