6 August 2026 Panchang: अष्टमी तिथि पर बन रहे हैं कई शुभ संयोग, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और पूजा का सही समय

Krishna Paksha Ashtami: गुरुवार को श्रावण मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है। जानिए 6 अगस्त 2026 का शुभ मुहूर्त, राहुकाल, नक्षत्र, योग और किन कार्यों के लिए यह दिन शुभ माना गया है।
6 august 2026 panchang ashtami tithi shubh muhurat rahu kaal
आज का पंचांग(फोटो.सोशल मीडिया)
Updated on

6 August 2026 Ka Panchang: 6 अगस्त गुरुवार का दिन धार्मिक दृष्टिकोष से विशेष माना जा रहा है। पंचांग के अनुसार गुरुवार को श्रावण मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है। इस दिन अष्टमी तिथि के साथ कई शुभ संयोग बन रहे हैं, जो पूजा-पाठ, जप-तप और आध्यात्मिक कार्यों के लिए शुभ बताए जा रहे हैं।

आइए जानते हैं गुरुवार का शुभ-अशुभ समय, राहुकाल और दिनभर के प्रमुख योग।

तिथि और नक्षत्र

  • तिथि: कृष्ण पक्ष अष्टमी (शाम लगभग 6:52 बजे तक), इसके बाद नवमी तिथि प्रारंभ होगी।

  • नक्षत्र: भरणी (रात लगभग 8:13 बजे तक), इसके बाद कृत्तिका नक्षत्र रहेगा।

  • वार: गुरुवार।

इन शुभ योगों का होगा मेल

पंचांग के अनुसार 6 अगस्त यानी गुरुवार को गण्ड योग और अन्य शुभ संयोगों का प्रभाव रहेगा। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु और भगवान श्रीकृष्ण की पूजा, मंत्र जाप, दान-पुण्य और आध्यात्मिक साधना करने से शुभ फल की प्राप्ति होती है। देवों की कृपा से जीवन सुखमय होता है औऱ प्रभु की कृपा दृष्टि आपके जीवन पर बनी रहती है।

श्रद्धालु इस दिन पीला वस्त्र, केले और चने की दाल का दान करें, तो जीवन में खुशहाली बनी रहती है। सावन के मास के कारण इस दिन की विशेषता और अधिक बढ़ जाती है, मंदिरों में जलाभिषेक, महामृत्युंजय जाप और रूद्राभिषेक जैसे धार्मिक कार्य भी कराए जा सकते हैं।

आज का शुभ मुहूर्त और राहु काल

शुभ कार्य करने से पहले राहु काल का ध्यान रखना आवश्यक माना जाता है। इसलिए विवाह, गृह प्रवेश, नई खरीदारी या किसी नए कार्य की शुरुआत राहुकाल में करने से बचना चाहिए। पंचांग के अनुसार, शुभ मुहूर्त में कार्य करना बेहतर माना जाता है। राहुकाल दोपहर 1 बजकर 44 मिनट से लेकर 3 बजकर 23 मिनट तक बनी रहेगी। उधर, गुलिक काल 8.46 बजे से लेकर 10.25 बजे तक और यमगंड काल 5.28 बजे से लेकर 7.07 बजे तक रहेगी, ऐसे में इन समय विशेष में शुभ कार्यों को न करने की सलाह दी जाती है।

6 august 2026 panchang ashtami tithi shubh muhurat rahu kaal
Bhagwad Geeta: आसपास नकारात्मक लोग हों तब भी घर को ऐसे रखें खुशहाल और शांत, गीता से सीखें ये 5 आसान उपाय

अष्टमी तिथि पर क्या करें?

  • भगवान श्रीकृष्ण और भगवान विष्णु की विधि-विधान से पूजा करें।

  • "ॐ नमो भगवते वासुदेवाय" मंत्र का जाप करें।

  • जरूरतमंदों को अन्न, वस्त्र या धन का दान करें।

  • घर में दीपक जलाकर सकारात्मक ऊर्जा की कामना करें।

इन कार्यों से बचें

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार राहुकाल के दौरान शुभ कार्य, नए निवेश, यात्रा की शुरुआत या मांगलिक कार्य करने से बचना चाहिए। साथ ही क्रोध और वाद-विवाद से दूरी बनाकर रखना चाहिए, इससे आप किसी भी आवांछित विवाद में पड़ने से बचे रहेंगे। गुरुवार को दिशाशूल दक्षिण दिशा में रहेगा, इसलिए दक्षिण की ओर की यात्रा करने से भी बचना चाहिए।

Navbharat Live
navbharatlive.com