फिर अस्पताल में भर्ती हुए आसाराम, सुरक्षा घेरों में पहुंचे जोधपुर हॉस्पिटल; जानें कैसी है हालत?

Asaram Health Update: नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे आसाराम को एक बार फिर जोधपुर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। और उसे निगरानी मे रखा गया है।
Asaram Hospitalized Again: Arrives at Jodhpur Hospital Amidst Tight Security—Find Out His Current Condition
आसाराम को ले जाती पुलिस सोर्स सोशल मीडिया
Published on
Updated on

Aasaram Hospitalized Jodhpur : नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे आसाराम को एक बार फिर जोधपुर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसे इलाज के लिए सेंट्रल जेल से पुलिस की कड़ी सुरक्षाओं के बीच आरोग्यम अस्पताल लाया गया है और उसे निगरानी मे रखा गया है। अस्पताल के अधिकारियों ने मीडिया से बातचीत मे बताया कि आसाराम को मंगलवार देर रात को अस्पताल मे लाया गया था। उसके स्थानांतरण के समय पुलिस का एक बड़ा दस्ता तैनात रहा और उसे कड़ी सुरक्षा के बीच एम्बुलेंस से अस्पताल लाया गया।

जोधपुर सेंट्रल जेल में सरेंडर करने के बाद आसाराम ने अपने स्वास्थ्य का हवाला देते हुए राजस्थान हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की थी। याचिका मे उसने आरोग्यम अस्पताल में इलाज करने की अनुमति मांगी थी। यह मामला राजस्थान हाई कोर्ट की अवकाशकालीन पीठ के सामने सुनवाई के लिए आया।

राजस्थान हाई कोर्ट के फैसले के बाद क्या हुआ

राजस्थान हाई कोर्ट के फैसले के बाद आसाराम 28 मे को जोधपुर पहुंचा। रिपोर्ट्स के अनुसार उसकी सूचना मिलते ही काफी बड़ी संख्या में समर्थक जोधपुर एयरपोर्ट पर इकट्ठे हो गए। एयरपोर्ट से वह सीधे पाल गाव में स्थित अपने आश्रम गया। जिसके बात बाद आश्रम की मेडिकल जांच एम्स जोधपुर मे कराई गई।इसके बाद उसने जोड़पुर सेंट्रल जेल मे सरेंडर कर दिया।

राजस्थान की डिवीजन बेंच ने की टिपण्णी

इससे पहले राजस्थान की डिवीजन बेंच ने आसाराम को निचली अदालत के माध्यम से दी गई उम्रकैद की सजा को बरकरार रक था। अदालत ने स्पष्ट किया था की आसाराम को अपने शेष जीवन तक जेल मे ही काटने होंगे। अपनी टिपण्णी में अदालत ने कहा है कि भले ही तुम्हारी सजा चारदीवारी की बेशक को लेकिन नाबालिक महिला को पहुंचाया मानसिक आघात और ज़िंदगीभर का दर्द किसी सीमा में नहीं बांध सकता है।

कोर्ट के आदेश के बाद आसाराम का हाल

इस आदेश के बाद अदालत ने आसाराम की आखिरी जमानत खारिज कर दी और उसको तुरंत गिरफ्तार करने के आदेश जारी किए। इसके बाद उसने पुलिस अधिकारियों के सामने सरेंडर कर दिया। जोधपुर कर एक आश्रम में अगस्त 2013 को एक नाबालिक छात्रा के साथ व का मामला सामने आया था। 2018 मे निचली अदालत ने आसाराम को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com