Rabies Prevention: रेबीज है जानलेवा, लेकिन बचाव संभव; जानें 10 जरूरी सावधानियां
Rabies Prevention Tips: रेबीज एक गंभीर और जानलेवा बीमारी है, लेकिन समय पर सही कदम उठाकर इससे बचाव संभव है। जानें कुत्ते या अन्य संक्रमित जानवर के काटने से बचने और संक्रमण रोकने के 10 जरूरी तरीके।
अगर घर में कुत्ता, बिल्ली या कोई अन्य पालतू जानवर है, तो उसे समय-समय पर रेबीज वैक्सीन जरूर लगवाएं। यह रेबीज से बचाव का सबसे पहला और सबसे भरोसेमंद तरीका माना जाता है।source: Pinterest
सड़क पर घूमने वाले अनजान कुत्तों, बिल्लियों या बंदरों को न छेड़ें, उन्हें खाना खिलाते वक्त सावधानी बरतें और बच्चों को भी उनसे दूर रहने की सीख दें।सोर्स- सोशल मीडिया
अगर कोई जानवर काट ले या खरोंच दे, तो घबराने के बजाय तुरंत घाव को साबुन और बहते पानी से कम से कम 15 मिनट तक अच्छी तरह धोएं। यह कदम संक्रमण के खतरे को काफी हद तक कम कर देता है।सोर्स- सोशल मीडिया
घाव को धोने के तुरंत बाद उस पर पोविडोन आयोडीन या 70% अल्कोहल जैसा एंटीसेप्टिक लगाएं, ताकि घाव में मौजूद संभावित वायरस का असर और कम हो सके।सोर्स- सोशल मीडिया
जब तक बहुत ज्यादा खून न बह रहा हो, तब तक घाव को कसकर बांधने या तुरंत टांके लगवाने से बचें। खुला घाव तेजी से ठीक होने में मदद करता है।सोर्स- सोशल मीडिया
घाव चाहे कितना भी मामूली क्यों न लगे, फर्स्ट एड के तुरंत बाद नजदीकी अस्पताल या हेल्थ सेंटर जाकर डॉक्टर से जांच जरूर करवाएं।सोर्स- सोशल मीडिया
अगर डॉक्टर रेबीज वैक्सीन लेने की सलाह दें, तो पूरा कोर्स बीच में छोड़े बिना, तय समय पर सभी डोज जरूर लें। अधूरा कोर्स सुरक्षा को कमजोर कर सकता है।सोर्स- सोशल मीडिया
अगर घाव गहरा हो या उससे लगातार खून बह रहा हो, तो डॉक्टर सिर्फ वैक्सीन ही नहीं बल्कि रेबीज इम्युनोग्लोबुलिन इंजेक्शन भी लगाने की सलाह दे सकते हैं, जो अतिरिक्त सुरक्षा देता है।सोर्स- सोशल मीडिया
आसपास के लोगों, बच्चों और परिवार को रेबीज के खतरों और सही फर्स्ट एड के बारे में जागरूक करें, क्योंकि सही जानकारी और समय पर इलाज से रेबीज को पूरी तरह रोका जा सकता है।सोर्स- सोशल मीडिया