यवतमाल विधान परिषद चुनाव में बगावत के संकेत, 5 उम्मीदवारों ने भरा नामांकन
MLC Election: यवतमाल स्थानीय प्राधिकरण विधान परिषद चुनाव के लिए नामांकन के अंतिम दिन महायुति और महाविकास आघाड़ी में बगावत के स्पष्ट संकेत मिले हैं, जहां कुल 5 उम्मीदवारों ने अपने पर्चे दाखिल किए हैं।
- Written By: केतकी मोडक
उम्मीदवार अपने नामांकन पत्र जमा करते हूए (सोर्स - नवभारत)
Yavatmal MLC Election: यवतमाल स्थानीय प्राधिकरण निर्वाचन क्षेत्र की विधान परिषद चुनाव प्रक्रिया में नामांकन पत्र दाखिल करने के अंतिम दिन राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई। महायुति और महाविकास आघाड़ी दोनों गठबंधनों में बगावत के संकेत स्पष्ट दिखाई देने लगे हैं। सोमवार को नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि तक कुल 5 उम्मीदवारों ने अपने नामांकन पत्र जमा किए। इससे पहले चुनाव के लिए कुल 55 नामांकन प्रपत्र लिए गए थे।
सोमवार को एक सीट के लिए महायुति की ओर से शिवसेना (शिंदे गुट) के दुष्यंत चतुर्वेदी, महाविकास आघाड़ी की ओर से कांग्रेस के साहेबराव पवार, भारतीय जनता पार्टी से नितीन भुतड़ा, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) की ओर से आर्णी के साजिद बेग मिर्जा तथा दारव्हा नगर परिषद के पूर्व नगराध्यक्ष एवं वर्तमान कांग्रेस नगरसेवक सय्यद फारुख सय्यद करीम ने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में नामांकन दाखिल किया।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि स्थानीय उम्मीदवार की मांग इस बगावती रुख का प्रमुख कारण है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि ये तीन बागी उम्मीदवार अंत तक मैदान में बने रहते हैं या फिर पार्टी नेतृत्व उन्हें मनाने में सफल होता है। यदि इन उम्मीदवारों ने नाम वापस नहीं लिया तो स्थानीय प्राधिकरण निर्वाचन क्षेत्र का यह चुनाव और अधिक रोचक तथा कांटे का मुकाबला बन सकता है।
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‘स्थानीय उम्मीदवार होना चाहिए, बाहरी नहीं’ चर्चा का मुद्दा छिड़ा
यवतमाल में स्थानीय उम्मीदवार को मौका दिए जाने और बाहरी उम्मीदवारों का विरोध करने की भावना को व्यापक समर्थन मिल रहा है। प्रमुख राजनीतिक दलों द्वारा उम्मीदवार चयन को लेकर नाराजगी खुलकर सामने आई है। इसी वजह से इस चुनाव में “स्थानीय बनाम बाहरी उम्मीदवार” का मुद्दा चर्चा का विषय बन गया है। महायुति के उम्मीदवार दुष्यंत चतुर्वेदी नागपुर के निवासी हैं और इससे पहले भी इसी निर्वाचन क्षेत्र से विधान परिषद सदस्य चुने जा चुके हैं।
यवतमाल जिले के कई पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की मांग थी कि इस बार स्थानीय नेतृत्व को अवसर दिया जाए। हालांकि उनकी उम्मीदवारी घोषित होने और नामांकन दाखिल होने के बाद असंतोष की भावना और अधिक स्पष्ट होती दिखाई दे रही है।
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8 का मतदान, 22 को होगी मतगणना
सभी उम्मीदवारों ने अपने नामांकन पत्र जिला निर्वाचन अधिकारी विकास मीना के समक्ष प्रस्तुत किए, महाविकास आघाड़ी के उम्मीदवार साहेबराव पवार के नामांकन के दौरान सांसद संजय देशमुख, पूर्व मंत्री माणिकराव ठाकरे, शिवाजीराव मोघे सहित कई नेता उपस्थित थे। वहीं शिवसेना उम्मीदवार दुष्यंत चतुर्वेदी के नामांकन के समय पालकमंत्री संजय राठौड़ सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद थे।
अब नामांकन पत्रों की जांच और नाम वापसी की प्रक्रिया के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि चुनाव मैदान में कितने उम्मीदवार बने रहेंगे। यवतमाल स्थानीय प्राधिकरण निर्वाचन क्षेत्र में कुल 443 मत्तदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। 18 जून को मतदान और 22 जून को मतगणना होगी।
