निषेध नहीं अब रास्ते पर उतरेंगे, 9 अगस्त को जनआक्रोश मोर्चा
- Written By: नवभारत डेस्क
- जिला कांग्रेस की पत्रकार परिषद में जानकारी
यवतमाल. शहर की सभी सामाजिक संगठनाएं तथा आदिवासी समाजबंधू मणिपुर में आदिवासी महिला पर हुए अत्याचार को लेकर दोषियों को फांसी देकर आदिवासियों को सुरक्षा दी जाए, इस आशय की मांग को लेकर 9 अगस्त को यवतमाल में आक्रोश मोर्चा आंदोलन का आयोजन किया जाएगा. यह जानकारी पत्रकार परिषद में जिला कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष प्रफुल्ल मानकर ने दी. निषेध मोर्चा महात्मा फुले के पुतले समीप से निकलकर जिलाधिकारी कार्यालय पर दस्तक देगा.
80 दिनों पूर्व मणिपुर राज्य की आदिवासी महिलाओं को लेकर हुए वायरल वीडियो की घटना काफी निंदनीय है. इतने दिनों का अवधि बीतने के बावजूद भी घटना का पर्दाफाश नहीं हुआ है. इस घटना को लेकर पूरे देशभर के आदिवासियों और महिला वर्ग में रोष देखने को मिल रहा है.
घटना को अंजाम देनेवाले आरोपी को फांसी की सजा सुनाने व सह आरोपियों को कडी सजा सुनाने की मांग करने के साथ ही आदिवासियों को सुरक्षा दी जाए. अब उक्त मांग को लेकर निषेध नहीं बल्कि रास्ते पर उतरकर आंदोलन किया जाएगा. आंदोलन में माणिकराव ठाकरे, वामनराव कासावार, विजय खडसे, बालासाहब मांगुलकर, प्रफुल्ल मानकर, महिला कांग्रेस कमेटी की वंदना आवारी, प्रा. वसंत पुरके, एड. शिवाजीराव मोघे आदि शामिल होंगे.
