Washim Tulsiram Jadhav College News: वाशिम जैसे भोजन, वस्त्र और आवास मनुष्य की मूलभूत आवश्यकताएं मानी जाती हैं, वैसे ही शिक्षा भी एक अत्यंत आवश्यक मानवीय जरूरत है। शिक्षा भविष्य में एक सृजनशील समाज की निर्मिति करती है। यह विचार संत गाडगेबाबा अमरावती विद्यापीठ, अमरावती के सीनेट सदस्य प्रा. डॉ. रवींद्र मुंद्रे ने व्यक्त किए।
30 मार्च 2026 को स्थानीय तुलसीराम जाधव कला एवं विज्ञान महाविद्यालय में पदवी वितरण समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. सुभाष जाधव ने की। प्रमुखता से सीनेट सदस्य डॉ. रवींद्र मुंद्रे, श्री वेंकटेश सेवा समिति के संचालक अजिंक्य जाधव, गायकवाड़, प्रा. डॉ. संतोष इंगोले और प्रा. डॉ. दत्तात्रय धवरे उपस्थित रहे।
अपने संबोधन में डॉ. मुंद्रे ने कहा कि विद्यार्थी समाज और देश का एक महत्वपूर्ण क्रियाशील घटक हैं। शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को सदैव सामाजिक और राष्ट्रीय जिम्मेदारी का एहसास रखना चाहिए। शिक्षा से व्यक्ति का सर्वांगीण विकास होता है और यही समाज को सृजनशील दिशा प्रदान करता है।
कार्यक्रम का प्रस्ताविक प्रा. डॉ. संतोष इंगोले ने किया। अजिंक्य जाधव ने कहा कि डिग्री प्राप्त करना विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन इसके साथ ही उनकी जिम्मेदारियां भी बढ़ जाती हैं। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्रा. डॉ. संतोष धामणे, प्रा. डॉ. विजय जाधव, प्रा. डॉ. रिंकू रुके, प्रा. भारती राणे, प्रा. साक्षी काबरा, प्रा. मयूरी कुटे, प्रा. खान, प्रा. लहाने, प्रा. बोरकर, प्रा. सुरोशे, प्रा. बोनेडे और प्रा. मोरे सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित थे।