ठाणे शहर में गणपति बाप्पा की धूम, पशुपति नाथ मंदिर की झांकी मोह रही है भक्तों का मन

नरवीर तानाजी गणेश उत्सव मंडल)
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ठाणे : मुंबई (Mumbai) के साथ ठाणे (Thane) में भी गणपति उत्सव (Ganpati Utsav) की धूम मची हुई है। मंडपों को विभिन्न रूप देकर अलग-अलग तरीके से सजाया गया है। जिनमें मंडपों का डेकोरेशन और लाइटिंग प्रमुख है। कई सार्वजनिक मंडल अपनी सालों की उत्सवी परंपरा बनाए हुए हैं, जिनमें एक-दूसरे से अच्छी सजावट करने और झांकी बनाने की स्पर्धा इस बार देखने लायक है। इससे यहां का उत्सव और उल्लासित हो गया है। इतना ही नहीं लोग अपने बप्पा को मंडपों में स्थापित कर उनकी सेवा करने में सुबह-शाम जुटे हुए है और सभी धर्म समभाव और पंथ के लोग प्रथम पूजनीय देव का आशीर्वाद लेने के लिए पधार रहे है। जहाँ देखों वाहन गणपति बाप्पा की ही धूम दिखाई पड़ रही है। शहर के कई सार्वजनिक मंडल ने प्रत्येक वर्ष की तरह वर्ष भी पंडालों के सजावट में कुछ नया दिखाने का प्रयास किया है जोकि भक्तों को अपनी तरफ आकर्षित कर रहा है। इसी में से एक है ठाणे का राजा के नाम मशहूर नरवीर तानाजी गणेश उत्सव मंडल (Tanaji Ganesh Utsav Mandal) द्वारा तैयार की गई नेपाल स्थित पशुपतिनाथ मंदिर (Pashupatinath Temple) के साथ ही भगवान शंकर के 12 ज्योतिर्लिंगों की झांकी। 

भगवान शंकर के कुल 12 ज्योतिर्लिंग है। जिसमें से एक नेपाल में है। ठाणे के मध्य में स्थित ठाणे का राजा के रूप में मशहूर पांच पाखाड़ी के नरवीर तानाजी गणेश उत्सव मंडल ने इस वर्ष बड़े ही खुबसूरत तरीके से नेपाल के इसी ज्योतिलिंग पशुपति नाथ मंदिर की कृति को उकेरा है। यह जानकारी देते हुए  उपाध्यक्ष सन्देश प्रभु ने बताया कि इस मंदिर का सेटअप तैयार करने की संकल्पना मंदार गोले की है। उनके मार्गदर्शन में करीब 50 से अधिक कामगारों ने लगातार काम करते हुए 22 दिनों के कड़ी मेहनत के बाद साकार करने में सफल रहे। इस पशुपतिनाथ मंदिर में भारत देश में स्थित 11 ज्योतिर्लिंगों को भी स्थापित किया गया है। जिसमें मुख्य रूप से काशी विश्वनाथ, केदारनाथ, रामेश्वर, श्री नागेश्वर, त्रयंबकेश्वर, सहित अन्य ज्योतिर्लिंग का समावेश है। संस्था के सचिव रमेश चौधरी ने बताया कि यहाँ पर पिछले 44 सालों से लगातार यह उत्सव मनाया जा रहा है। वर्ष 1990 में इस संस्था के साथ राकां विधायक जितेंद्र आव्हाड और मनोज प्रधान जोड़े और पिछले 32 सालों से इनके मागर्दर्शन में गणेश उत्सव मनाया जा रहा है। चौधरी ने बताया कि इस गणेश उत्सव का देखरेख और सजावट राज्य के पूर्व मंत्री जितेंद्र आव्हाड और संस्था के खजिनदार उदय मोरे के नेतृत्व में अध्यक्ष संदीप पवार और उनकी टीम द्वारा किया जा रहा है। 

उत्सव के विविध आयोजन

मंडल विभिन्न समाज उपयोगी कार्यक्रम आयोजित करता है, जिनमें रक्त दान शिविर, कुष्ठ रोगियों को सबल बनाने हेतु उनके द्वारा बनाए सामानों के स्टॉल मुफ्त में उपलब्ध कराए गए है। साथ बच्चों को खेलने के लिए अलग जगह उपलब्ध है जहाँ पर विभिन्न प्रकार के खेल सामग्री रखी गई है। इसके अलावा, गणेश भगवान के विराजमान होने से लेकर विसर्जन तक प्रत्येक दिन सामाजिक कार्यों को बल दिया जाता है। जिसमें मुख्य रूप से ब्लड कैंप हेल्थ कैंप लगाना, आर्थिक और कमजोर लोगों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना जैसे कार्यों का समावेश है। इसके साथ ही 8 सितंबर को मशहूर कव्वाली गायक अजीज नाजा के पुत्र आजम नाजा का कव्वाली भी रखा गया। जिसमें सभी धर्मों के लोग शामिल होकर कव्वाली का मजा लेते है। साथ ही मंडप (पंडाल) सहित पूरे परिसर में सुरक्षा की दृष्टि सीसीटीवी द्वारा नजर रखना शामिल है। 

'दर्शन के लिए आने वाले भक्तों को आसानी से बाप्पा के दर्शन हो सके इसके लिए मंडल की तरफ से स्वयंसेवकों की तैनाती की जाती है। दासों दिन विभिन्न प्रकार के कैंप आयोजित किये जाते है।" -(रमेश चौधरी, सचिव, नरवीर तानाजी गणेश उत्सव मंडल)।

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