

Thane Fake Company Sewage Bill Case: ठाणे महानगर पालिका क्षेत्र में सीवेज उपचार और प्रसंस्करण केंद्र का ठेका लेने वाली कंपनी के नाम पर एक फर्जी कंपनी बना कर मनपा से करोड़ों रुपए का बिल वसूलने का मामला सामने आया है।
इस मामले में ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ किसी तरह की कार्रवाई नहीं की गई है। भाजपा नगरसेवक मनोहर डुंबरे ने मनपा आयुक्त सौरभ राव को पत्र लिख कर इस मामले जांच करा कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। मनपा आयुक्त को लिखे गए पत्र के मुताबिक धोखाधड़ी करने वाले ठेकेदार को 6 सीवेज पंपिंग सेंटर का काम देने की प्रक्रिया चल रही है।
कंपनी के मालिक अशोक केदासे है। उनका पता सप्तगिरी अपार्टमेंट, जे। एन 3/9/5, सेक्टर 9, वाशी, नवी मुंबई है। इस कंपनी के अनुभव पर ठेका दिया गया था। भाजपा नगरसेवक मनोहर डुंबरे के मुताबिक पहले बिल का भुगतान इसी कंपनी के बैंक खाते में किया गया था।
कुछ महीने बाद उपनगर अभियंता (यांत्रिकी) की मिलीभगत से ठेकेदार ने एम। ए। के। इलेक्ट्रिकल एंड ववर्स नाम से एक और कंपनी बनाई और टेंडर पीरियड पूरा होने तक फर्जी कंपनी के नाम पर खुद बिल लिए। इस कंपनी का जीएसटी नंबर एवं पैन नंबर भी अलग था।
साथ ही बैंक अकाउंट भी अलग था। ठाणे मनपा ने सीवेज उपचार केंद्रों और कोविड अस्पताल के सीवेज उपचार केंद्रों के संचालन, देखभाल, रखरखाव और मरम्मत का ठेका मे। ए के इलेवट्रिकल एंड ववर्स को दिया गया था।