

Mumbra Goat Rescue Viral Video: आगामी 28 मई को देश भर में मनाए जाने वाले बकरीद के त्योहार को लेकर मुंब्रा के कौसा इलाके में खासी रौनक देखी जा रही है। लोग त्योहार के लिए दूर-दराज से महंगे और सुंदर बकरे खरीदकर ला रहे हैं। अलमस कॉलोनी की सूफी बिल्डिंग में भी तीसरी मंजिल पर रहने वाले एक परिवार ने कुर्बानी के लिए बकरा लाकर रखा था। लेकिन रविवार की देर रात अचानक कुछ ऐसा हुआ जिसने पूरी कॉलोनी के लोगों की धड़कनें रोक दीं। बकरा अचानक बालकनी की ग्रिल के पास से फिसल गया और करीब 30 फीट की ऊंचाई पर हवा में लटक गया।
रात के सन्नाटे में जब बकरे की दर्द से भरी और डरावनी चीखें पूरी कॉलोनी में गूंजीं, तो लोग किसी अनहोनी के डर से घबराकर नीचे कंपाउंड में इकट्ठा हो गए। ऊपर का नजारा देखकर हर कोई दंग रह गया। बकरा किसी पतली रस्सी या लोहे के तार के सहारे हवा में झूल रहा था और लगातार पैर मार रहा था। स्थिति ऐसी थी कि अगर बकरा एक पल के लिए भी ढीला पड़ता, तो सीधे नीचे सीमेंट के फर्श पर गिरता और उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो जाती।
खतरे को भांपते हुए मुंब्रा के स्थानीय युवकों ने तुरंत मोर्चा संभाला। उन्होंने न तो दमकल विभाग (Fire Brigade) के आने का इंतजार किया और न ही सुबह होने का। कुछ युवकों ने तुरंत बड़ी रस्सियों का इंतजाम किया और बिना किसी पेशेवर सुरक्षा गियर के, मुंब्रा के सूफी बिल्डिंग की बाहरी खिड़कियों और पाइपों के सहारे ऊपर चढ़ना शुरू कर दिया। वहीं नीचे खड़े सैकड़ों लोग बकरे के संभावित रूप से नीचे गिरने की स्थिति में उसे कैच करने के लिए चादरें और गद्दे लेकर मुस्तैद हो गए।
रेस्क्यू के दौरान हर गुजरता सेकंड भारी पड़ रहा था। ऊपर चढ़े युवकों ने बेहद सावधानी और सूझबूझ का परिचय देते हुए पहले बकरे के चारों पैरों को रस्सियों से बांधा और फिर ऊपर से धीरे-धीरे उसे नीचे की तरफ खिसकाना शुरू किया। यह पूरा ऑपरेशन बेहद जानलेवा था क्योंकि जरा सी चूक से ऊपर चढ़े युवक भी नीचे गिर सकते थे। करीब 15 से 20 मिनट तक चले इस सांसें थाम देने वाले ड्रामे के बाद जैसे ही बकरे के पैर जमीन पर टिके, पूरी अलमस कॉलोनी तालियों और खुशी के नारों से गूंज उठी।
इस हैरतअंगेज रेस्क्यू ऑपरेशन को नीचे खड़े कई नागरिकों ने अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया। अब यह वीडियो इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सएप ग्रुप्स पर जमकर शेयर किया जा रहा है। नेटिजंस मुंब्रा के इन युवकों की बहादुरी और एक बेजुबान जानवर के प्रति दिखाई गई इस असीम इंसानियत की जमकर तारीफ कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि त्योहार की खुशी के बीच मुंब्रा के इन लड़कों ने यह साबित कर दिया कि दुनिया में आज भी जीव दया और इंसानियत से बढ़कर कोई दूसरा मजहब नहीं है।